मैंने फोन किया तो कहा कि ठीक हो रहा हूं:सीएम मान बोले- उनकी कैसेट सुनता रहूं, अंदाजा नहीं था इतनी जल्दी चले जांएगे

सीएम भगवंत मान, जिन्होंने कभी उनके साथ काम भी किया था, आज शाम को उनके फेज-7 स्थित निवास स्थान पर पहुंचे। इस मौके पर सीएम ने पुरानी यादों को ताज़ा किया। उन्होंने बताया कि भल्ला का मशहूर ‘छनकाटा’ 1988 में आया था। उस समय मैं 8वीं-9वीं कक्षा में पढ़ता था। मैं उनकी कैसेट्स सुना करता था और उन्हें 20 रुपए में खरीदता था। बाद में लोग हमारा मुकाबला करने लगे कि नंबर वन कौन है, लेकिन मैंने कभी नंबरिंग नहीं की। जब वे बीमार थे, तब भी मैंने उन्हें फोन किया था। उन्होंने कहा था कि वह ठीक हो रहे हैं। अंदाज़ा नहीं था कि वह इतनी जल्दी चले जाएंगे। सीएम ने कहीं 3 अहम बातें 1. भल्ला जी पंजाबी कॉमेडी के स्तंभ थे
सीएम भगवंत मान ने कहा कि पंजाब कला जगत के लिए आज का दिन बहुत दुखद है। हमारे बीच जसविंदर भल्ला जी नहीं रहे, जिन्होंने पंजाबी कॉमेडी में नए पड़ाव तय किए और पंजाबी फिल्मों में यादगार किरदार निभाए। वह हमेशा याद किए जाएंगे। उनका जाना बेहद अफसोसजनक और असमय है। 2. भल्ला जी मेरी प्रेरणा रहे, कभी नंबरिंग में नहीं पड़ा
मान ने कहा कि मैं उनसे बहुत जूनियर हूं। जब उनकी मशहूर कैसेट ‘छनकाटा’ 1988 में आई थी, तब मैं 8वीं-9वीं कक्षा में पढ़ता था। मैं उनकी कैसेट्स सुनता और 20 रुपए में खरीदता था। बाद में लोग हमारा मुकाबला करने लगे कि नंबर वन कौन है, लेकिन मैंने कभी नंबरिंग नहीं की। बड़े लोग, रोल मॉडल और शिक्षक हमेशा प्रेरणा के स्रोत होते हैं। ज्योत से ज्योत जलती है और उन्होंने हमें रोशनी दी। 3. जिंदादिल इंसान, हाजिरजवाब और हमेशा मुस्कुराते रहे
सीएम ने कहा कि भल्ला जी बेहद जिंदादिल इंसान थे। पंजाबी कॉमेडी की शुरुआत के. दीप सिंह साहब ने की थी और उसके बाद भल्ला साहब छनकाटा लेकर आए। हमारी मुलाकातें अक्सर दूरदर्शन के कार्यक्रमों और मेलों में होती थीं। वह हर मौके पर हाजिरजवाब रहते थे। चाचा चतरा का किरदार हमेशा लोगों के दिलों में जिंदा रहेगा। जब वह बीमार थे, तब भी मैंने उन्हें फोन किया था। उन्होंने कहा था कि मैं ठीक हो रहा हूं। अंदाज़ा नहीं था कि वह इतनी जल्दी चले जाएं

FacebookMastodonEmail

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *