चिड़ियाघर के बाहर दिन पर दिन अवैध ठेलों की संख्या बढ़ती जा रही है। यहां से नगर निगम का मदाखलत अमला ठेले हटा नहीं पाया। अब तो अवैध रूप से बाल रेल सड़क पर दौड़ रही है। यहां पर बच्चों की सुरक्षा के साथ खिलवाड़ हो रहा है। क्योंकि उक्त मार्ग से छोटे-बड़े वाहनों का आना-जाना लगा रहता है। उसी दौरान बाल रेल गोल चक्कर लगा रही होती है।
पहले उक्त बाल रेल चिड़ियाघर के अंदर बच्चों को सफर कराती थी। ठेका खत्म होने के बाद बाल रेल को बाहर कर दिया गया। तब से बाल रेल अवैध रूप से चलाई जा रही है। उसे आज तक नगर निगम के मदाखलत अमले ने जब्त नहीं किया है। चिडि़याघर के अंदर चलने लगी दूसरी बाल रेल
नगर निगम ने हाल में बाल रेल, मिक्की माउस और बच्चों की गाड़ी का ठेका कर दिया है। 42 लाख रुपए में उक्त तीनों सुविधा चिड़ियाघर के अंदर बच्चों को मिलने लगी है। ये ठेका पांच साल के लिए निजी हाथों मे दिया गया है। पहले दो बार हट चुकी है, फिर सड़क पर
चिड़ियाघर के बाहर चल रही बाल रेल का मामले कुछ दिनों पहले सामने आया था। उस वक्त निगम अमले ने कार्रवाई की थी। तब बाल रेल सड़क से गायब हो गई थी। अब बाल रेल को चलाने वाले समझ चुके हैं कि कोई ठोस एक्शन नहीं हो रहा है। इससे फिर से सड़क पर बाल रेल को चलाया जाने लगा है। जबकि इसको लेकर हाल में चिड़ियाघर प्रबंधन ने नजदीक के पुलिस थाने में कार्रवाई करने के लिए पत्र लिखा है। क्योंकि इसका कहीं भी रजिस्ट्रेशन तक नहीं है।


