भास्कर न्यूज| लुधियाना अमर शहीद बाबा दीप सिंह जी गुरुद्वारा साहिब में बुधवार को जप तप समागम का भव्य आयोजन हुआ। इसमें लुधियाना के अलावा दिल्ली, हरियाणा, चंडीगढ़ और आसपास के शहरों से हजारों श्रद्धालु शामिल हुए। समागम की शुरुआत श्री जपजी साहिब, श्री चौपाई साहिब और श्री सुखमनी साहिब के पाठ से हुई। इसके बाद पूरी संगत ने एक स्वर में वाहेगुरु का सिमरन किया और बाबा दीप सिंह जी के नाम का जाप किया। बारिश की बूंदों ने मौसम को भले ही भिगो दिया, लेकिन संगत की आस्था पर असर नहीं पड़ा। सिर पर रुमाल, होंठों पर सिमरन और आंखों में विश्वास लिए श्रद्धालु अपने स्थान पर टिके रहे। स्त्री सत्संग सभा की बहनों ने गुरबाणी कीर्तन कर संगत को प्रभु के चरणों से जोड़ा। मेरे बाबा जी मेहर करो, अब तब जब कब, तू ही-तू ही जैसे शबदों से वातावरण पूरी तरह भक्तिमय हो गया। श्रद्धालु हरमीत कौर ने बताया कि वह पिछले पांच साल से इस समागम में सेवा निभा रही हैं। उनके अनुसार, यहां छोटे बच्चों से लेकर बुजुर्ग तक सभी सेवा में हिस्सा लेते हैं। कोई लंगर बनाता है, कोई पानी परोसता है और कोई जोड़ों की सेवा करता है। गुरुद्वारा कमेटी के सदस्य सुखविंदर पाल सिंह सरना, नवप्रीत सिंह बिंद्रा, हरप्रीत सिंह राजधानी और अमरजीत सिंह टिक्का ने बताया कि संगत की संख्या इतनी अधिक हो जाती है कि कई श्रद्धालु सड़कों पर बैठकर भी हाज़िरी लगाते हैं। संगत के लिए कड़ी-चावल का विशेष लंगर तैयार किया गया। सेवादार दिन-रात सेवा में जुटे रहे। शाम चार बजे अंतिम अरदास के साथ समागम का समापन हुआ। बोले सो निहाल… सत श्री अकाल के जयकारों से पूरा परिसर गूंज उठा। श्रद्धालु संतोष और श्रद्धा के साथ लौटे कि उन्होंने सच्चे मन से सिमरन किया और बाबा दीप सिंह जी के चरणों में अपनी आस्था अर्पित की।


