बाड़मेर | धोरीमन्ना उपखंड के गांव डबोई निवासी केयर्न ऑयल एंड गैस, वेदांता लिमिटेड के इंजीनियर मंगलाराम चौधरी ने राजस्थान राज्य का प्रतिनिधित्व करते हुए भोपाल में आयोजित 67 वीं नेशनल शूटिंग चैंपियनशिप में भाग लेकर शानदार प्रदर्शन करते हुए जिले का नाम रोशन किया। चौधरी ने 50 मीटर राइफल प्रोन पॉजिशन इवेंट चैंपियनशिप में भाग लेकर 601.6 स्कोर हासिल करके बाड़मेर जिले के पहले नेशनल राइफल रिनाउंड शूटर बनने का खिताब अपने नाम किया। इस प्रतियोगिता में रिनाउंड शूटर बनने के लिए एनआरएआई ने 590 स्कोर पहले से ही फिक्स कर रखा था। लेकिन चौधरी ने उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए 601.6 स्कोर हासिल किया एवं रिनाउंड शूटर के साथ साथ के एस एस शूटिंग चैंपियनशिप में भी जगह बनाई। भारतीय शूटिंग टीम ट्रायल्स एवं अंतरराष्ट्रीय शूटिंग टीम में केएसएस शूटिंग चैंपियनशिप के स्कोर का भी काफी योगदान होता है। इससे पहले भी चौधरी ने 33वीं ऑल इंडिया जीवी मावलंकर शूटिंग चैंपियनशिप में भाग लेकर 574 स्कोर हासिल किया। कंपनी से छुट्टी मिलते ही चौधरी ने पूर्व ओलंपियन गगन नारंग की गन फॉर ग्लोरी एकेडमी से प्रैक्टिस की एवं सफलता हासिल की। उन्होंने अपनी सफलता का श्रेय अपने माता-पिता, जीएफसी एकेडमी के कोच किरण खंडारे, परमेश्वर सर, कोच हरि ओम सिंह, हेमाराम चौधरी, वेदांता ग्रुप के चेयरमैन अनिल अग्रवाल, एनसीसी के सीओ एनआर सिंह व पी विश्नोई, आरटीयू कॉलेज के समस्त एलुमनी मेंबर, कॉलेज स्टाफ डॉ. सुरेंद्र सिंह गोदारा, डॉ रमेश सोमरा, आईईएस शैतान सांगवा, जोर सिंह चौधरी, सीआर चौधरी, नवल किशोर गोदारा, सीआर चौधरी, राहुल शर्मा, डॉ. जेपी भांभू, बीएस शेखावत, आर कार्तिक, विभूति प्रसाद एवं अपने शूटिंग दोस्त राजन सिंह को दिया।


