प्रतापगढ़ जिले में शीतलहर और हाड़ कंपाने वाली सर्दी का दौर जारी है। तापमान में भी लगातार गिरावट हो रही है। जिले में सुबह भी कई स्थानों पर बर्फ जमी रही। ऐसे में फसलों में नुकसान होने लगा है। कांठल में कड़ाके की सर्दी से लोगों के हाड़ भी कंपकंपा उठे। बर्फीली हवा के साथ दिनभर शीतलहर का दौर चलने लगा है। जिसने सीजन के साथ सर्दी का कई सालों का रेकॉर्ड टूट गया। सर्दी का आलम यह रहा कि खेतों पर फसलों पर और पाइपों पर बर्फ जम गई। बाहर खुले में पात्र में रखा पानी बर्फ में तब्दील हो गया। दोपहिया वाहनों की सीटों व चार पहिया वाहनों की छतों पर बर्फ की परत जम गई। कड़ाके की सर्दी का असर जन जीवन पर भी देखने को मिला। लोग सुबह देर तक रजाई में दुबके रहे। जरूरी काम काज के लिए बाहर निकले लोग भी गर्म वस्त्रों में ढके रहे। वहीं दिनभर अलाव जलाकर सर्दी से राहत के जतन करते दिखे। दिनभर नश्तर सी चुभती हवा की वजह से धूप से भी कोई खास राहत नहीं मिल रही है। वहीं दूसरी ओर तापमान में कमी के कारण पाला पडऩे की आशंका भी बढ़ती जा रही है। ऐसे में किसानों में चिंता बढ़ती जा रही है। जिले के अरनोद, पीपलखूंट, छोटीसादड़ी, धरियावद उपखंड के ग्रामीणों इलाकों में भी शीतलहर और गलन वाली सर्दी का असर तेज रहा। दिनभर ठिठुरन अधिक रही। इसके साथ ही दिनभर लोग गर्म वस्त्रों से लदे रहे। वहीं सुबह खेतों पर बर्फ देखी गई। पाइपों पर भी बर्फ जम गई। मौसम में सर्दी बढने से लोग दिनभर गर्म कपड़ों में लिपटे नजर आने लगे है। बाजार में भी सर्दी के कारण सूनापन होने लगा है। हालांकि गर्म वस्त्रों की दुकानों पर बिक्री बढ़ गई है। चाय की दुकानों सहित गजक, गर्म खाद्य पदार्थों की दुकानों पर लोगों की भीड़ नजर आने लगी है।


