भास्कर न्यूज| धमतरी धमतरी जिला हिन्दी साहित्य समिति द्वारा साहित्य भवन हिन्दी दिवस पर कवियों ने काव्य पाठ कर उत्सव मनाया, जिसमें शहर के साहित्य प्रेमी, कवि, रचनाकार शामिल हुए। कार्यक्रम का उद्देश्य हिन्दी भाषा के प्रचार-प्रसार के साथ साहित्य के प्रति नई पीढ़ी में जागरूकता और प्रेम बढ़ाना था। संगोष्ठी का वातावरण पूरी तरह साहित्यिक रहा, जहां भाषा, संस्कृति, कविता, कहानी और विचारों का सुंदर समागम देखने को मिला। समिति के संरक्षक गोपाल शर्मा ने कार्यक्रम का शुभारंभ किया। उन्होंने हिन्दी भाषा को समाज की आत्मा बताकर कहा कि हिन्दी हमारी पहचान है, हमारी संस्कृति की धरोहर है। इसे जितना फैलाया जाएगा, समाज उतना ही सशक्त और जागरूक होगा। हिन्दी केवल एक भाषा ही नहीं, बल्कि यह एक भावना है, जो समाज के हर वर्ग, हर क्षेत्र और हर पीढ़ी को जोड़ती है। उन्होंने विद्यालयों, पुस्तकालयों, साहित्यिक मंचों और सोशल मीडिया के माध्यम से हिन्दी को व्यापक रूप से स्थापित करने की आवश्यकता पर बल दिया। जिला हिन्दी साहित्य समिति के अध्यक्ष डुमन लाल ध्रुव ने कहा कि हिन्दी भाषा विश्व की सर्वाधिक बोली जाने वाली भाषाओं में शामिल है, लेकिन इसके विकास और संरक्षण के लिए निरंतर प्रयास जरूरी है। संगोष्ठी में उपस्थित कवियों ने प्रतिनिधि कविताओं का पाठ कर भाव-विभोर कर दिया। कुलदीप सिन्हा, आकाश गिरी गोस्वामी, दीप शर्मा, डॉ. भूपेन्द्र सोनी, दीपचंद भारती, कामिनी कौशिक ने भी कार्यक्रम को संबोधित किया।


