आगामी त्योहारी सीजन को देखते हुए राजधानी जयपुर में पुलिस ने पहली बार ड्रोन पेट्रोलिंग शुरू की है। इसके जरिए चिन्हित क्षेत्रों का लाइव वीडियो देखकर हर गतिविधि पर नजर रखी जा रही है। प्रथम फेज के रूप में शुरू हुई पेट्रोलिंग में कमिश्नरेट की टीम रोजाना शाम 7 से रात 11 बजे तक विभिन्न जगहों पर ड्रोन के माध्यम से निगरानी रखती है। टीम के प्रभारी अधिकारी लेपटॉप के जरिए ड्रोन की लाइव रिकॉर्डिंग देखते हैं और जैसे ही कोई संदिग्ध गतिविधि दिखे, तुरंत कंट्रोल रूम के माध्यम से संबंधित थाने के एसएचओ या चेतक को सूचना भेजकर मौके पर कार्रवाई कराते हैं। पुलिस कमिश्नर बीजू जॉर्ज जोसफ ने बताया कि त्योहारी सीजन को देखते हुए शहर के चुनिंदा मार्ग और बाजारों में ड्रोन पेट्रोलिंग शुरू की गई है। इससे भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों में संदिग्ध गतिविधियों, स्नैचिंग और जाम की स्थिति पर नजर रखी जा रही है। साथ ही, यदि किसी स्थान पर खुले में शराब पीते व्यक्ति पाए जाते हैं तो उन पर भी कार्रवाई की जा रही है। ड्रोन पेट्रोलिंग के लिए एसीपी नतीशा जाखड़ के नेतृत्व में 5 टीमों का गठन किया गया है। जयपुर पुलिस के पास दो प्रकार के ड्रोन हैं। एक बड़ा ड्रोन, जो ऊंचाई पर उड़ता है और लंबी दूरी तक निगरानी रखता है, जबकि दूसरा छोटा ड्रोन कम ऊंचाई पर उड़कर बारीकी से जांच करता है। बड़े ड्रोन की रिकॉर्डिंग में संदिग्ध गतिविधि दिखते ही छोटा ड्रोन नजदीक जाकर उसे विस्तार से मॉनिटर करता है। प्रथम फेज के दौरान पहले दिन एमआई रोड, दूसरे दिन गोपालपुरा बाईपास और तीसरे दिन टोंक रोड पर गांधी नगर मोड़ से गांधी नगर रेलवे स्टेशन तक पेट्रोलिंग की गई। “त्योहारी सीजन में भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों में अपराध बढ़ जाते हैं। इसे रोकने और निगरानी रखने के लिए ड्रोन पेट्रोलिंग शुरू की गई है। सफल होने पर इसे आने वाले दिनों में भी जारी रखा जाएगा। इससे रियल टाइम में अचानक लगने वाले जाम और अन्य समस्याओं की जानकारी भी तुरंत मिलेगी।”
-बीजू जॉर्ज जोसफ, पुलिस कमिश्नर जयपुर


