पंजाब के लुधियाना में बीते बुधवार की देर रात बैग की दुकान में मिले इम्प्रूवाइज्ड एक्सप्लोसिव डिवाइस (IED) मामले में कुछ चौंकाने वाले खुलासे हुए हैं। मूल रूप से यूपी के हरदोई का रहने वाला आरोपी ज्ञानचंद उर्फ सोनू और सहारनपुर का आमिर IED से ब्लास्ट कर दुकानदार चाचा अजय को बर्बाद करना चाहते थे। पुलिस ने आज दोनों आरोपियों को कोर्ट में पेश कर उनका दो दिन का पुलिस रिमांड लिया है। अलग-अलग राज्यों में लिंक खंगाल रही पुलिस पुलिस दोनों आरोपियों को अलग-अलग राज्यों में आपराधिक लिंक खंगालने में भी जुट गई है। पुलिस अब फारेंसिक जांच दौरान आने वाले रिपोर्ट के इंतजार में है। उन दुकानदारों की भी पहचान कर ली है जिन्होंने पोटाश बेचा था। रिमांड दौरान पूछताछ में दोनों आरोपियों ने यही बताया है कि उन्होंने किसी अनजान यूट्यूब चैनल से बम बनाने की ट्रेनिंग ली थी। यूट्यूब पर ये हाउ टू मेक बम (बम कैसे बनाएं) सर्च करते थे। इसके बाद करीब 15 दिनों में उन्होंने IED तैयार कर लिया। इसमें उनके करीब 10 हजार रुपए खर्च हुए। बम बनाने का सामान इन्होंने ई-कॉमर्स कंपनी फ्लिपकार्ट और खुद बाजार जाकर खरीदा था। इसके बाद 20 सितंबर को आरोपी आमिर बस्ती जोधेवाल इलाके की दुकान अजय बैग इंटरप्राइजेज में बैग खरीदने के बहाने गया और बम वाला थैला रखा छोड़ आया। आरोपियों ने बम में रात 1 बजे का टाइमर लगाया था, लेकिन वायरिंग की गड़बड़ी के कारण उसमें ब्लास्ट नहीं हुआ। इसके बाद 24 सितंबर को यह थैला बरामद हो गया और 25 सितंबर को इनका भांडा फूट गया। दोनों आरोपियों के क्रिमिनल रिकॉर्ड्स खंगाले जा रहे हैं।


