नवागत कलेक्टर अंजू पवन भदौरिया ने शुक्रवार को डिंडौरी में अपना पदभार ग्रहण किया। उन्होंने कलेक्ट्रेट भवन का निरीक्षण किया और अधिकारियों के साथ एक औपचारिक बैठक की। इस दौरान शहपुरा विधायक ओमप्रकाश धुर्वे ने उनसे मुलाकात की। पदभार संभालने के बाद कलेक्टर भदौरिया ने अपनी प्राथमिकताएं बताईं। उन्होंने कहा कि उनका प्रयास रहेगा कि अधिकारी और जनप्रतिनिधि मिलकर पूरी पारदर्शिता के साथ शासन की योजनाओं को ग्रामीण इलाकों में रह रहे अंतिम हितग्राही तक पहुंचाएं।
कलेक्टर ने स्वीकार किया कि जिले में अधिकारियों की कमी है, लेकिन उन्होंने विश्वास जताया कि सभी मिलकर डिंडौरी को प्रदेश में एक उदाहरण के तौर पर प्रस्तुत करेंगे। उन्होंने शिक्षा और स्वास्थ्य सुविधाओं पर विशेष ध्यान केंद्रित करने की बात कही। ग्रामीण क्षेत्रों के स्कूलों में शिक्षकों की कमी या एकल शिक्षक द्वारा स्कूल संचालित होने की समस्या को अधिकारियों के साथ बैठक कर सुधारने का प्रयास किया जाएगा। स्वास्थ्य सुविधाओं के संबंध में, कलेक्टर ने अस्पतालों में डॉक्टरों की कमी का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि सतत निगरानी की जाएगी और डॉक्टरों को मरीजों का बेहतर इलाज सुनिश्चित करने के लिए प्रेरित किया जाएगा। इस मुद्दे को कमिश्नर कॉन्फ्रेंस में भी उठाया जाएगा ताकि जिले में अधिक डॉक्टर उपलब्ध हो सकें।


