बाड़मेर जिले के बिजराड़ थाना इलाके मिठड़ाऊ पीएचसी में इलाज के दौरान 4 साल की बच्ची की मौत होने का मामला सामने आया है। परिजनों ने डॉक्टर व नर्सिंगकर्मी पर गलत इंजेक्शन लगाने का आरोप लगाया है। पुलिस ने परिजनों की रिपोर्ट पर मामला दर्ज कर लिया है। मेडिकल बोर्ड का गठन कर दिया है। परिजनों की रिपोर्ट देने पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच पड़ताल में जुट गई है। बच्ची के पिता अरविंद कुमार ने बताया- बेटी जसोदा (4) को दो दिन से बुखार आ रहा था। गुरुवार को प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र मिठड़ाऊ में डॉक्टर को दिखाया। दवाईयां लिखकर दी। लेकिन 24 घंटों में कोई फर्क नहीं पड़ने पर शुक्रवार दोपहर करीब 1 बजे दुबारा मेरी पत्नी व रिश्तेदार पीएचसी लेकर गए। वहां पर डॉक्टर रमेश पुंजानी व नर्सिंगकर्मी शांति देवी ने इंजेक्शन और दवाइयां दी इससे उसकी तबीयत बिगड़ गई। परिजनों का आरोप है कि बेहोशी के हालात में बच्ची को टेंपो में बैठाकर कर घर भेज दिया। वहां पर संभाला तो बच्ची की बेसुध हो गई। परिजन आनन-फानन में पीएचसी लेकर आए। तब तक बच्ची की मौत हो चुकी थी। पुलिस को शुक्रवार शाम को करीब 7 बजे सूचना मिलने पर बीजराड़ थानाधिकारी मगाराम मय पुलिस जाब्ता मिठड़ाऊ हॉस्पिटल पहुंचे। वहां से बच्ची के शव को कब्जे में लेकर चौहटन हॉस्पिटल की मॉर्च्युरी में शिफ्ट करवाया गया। बीजराड़ थानाधिकारी मगाराम ने बताया- परिजनों ने डॉक्टर व नर्सिंगकर्मी पर गलत इंजेक्शन लगाने का आरोप लगाया है। मेडिकल बोर्ड से बच्ची का पोस्टमॉर्टम करवाया जाएगा। रिपोर्ट देने पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। वहीं पुलिस ने पूरे मामले की जांच पड़ताल भी शुरू कर दी है।


