भास्कर न्यूज | डंडई प्रखंड के तसरार में हिंद एजुकेशनल एंड वेलफेयर ट्रस्ट के द्वारा संचालित आईडियल पब्लिक स्कूल तसरार में अर्धवार्षिक परीक्षा फल वितरण सह विद्यालय प्रबंधन समिति का गठन किया गया। इस दौरान विद्यालय में शुल्क निर्धारण समिति का गठन, कंप्यूटर लैब पर चर्चा, विद्यालय के मान्यता संबंधित प्रस्ताव सहित कई बिंदुओं पर चर्चा की गई। विद्यालय के निदेशक तौहीद अंसारी के द्वारा अभिभावकों से बच्चों को घर पर अध्ययन कराने बात कही। वही उन्होंने बच्चो को मोबाइल से दूर रखने का सलाह दिया। अभिभावक को अपने बच्चों के साथ समय व्यतीत करने व बच्चों को फीडबैक लेने पर जोर दिया गया। इसके बाद विद्यालय के अध्ययनरत छात्र छात्राओं के बीच अंक प्रमाण पत्र का वितरण किया गया। जिसमें विद्यालय प्रथम मुकर्रम अली, द्वितीय अविनाश कुमार, तृतीय गौशिया अंजूम, चतुर्थ तमन्ना खातून व पांचवां स्थान शीला कुमारी ने प्राप्त किया। इसके बाद विद्यालय प्रबंधन समिति का गठन किया गया। जिसमें सर्वसम्मति से अध्यक्ष शिवकुमार सिंह व सचिव तौहीद अंसारी को बनाया गया। इसके पूर्व कार्यक्रम का शुभारंभ विद्यालय के निदेशक तौहीद अंसारी द्वारा दीप प्रज्वलित कर किया गया। इस अवसर पर बड़ी संख्या में अभिभावकगण उपस्थित रहे। कार्यक्रम में सबसे पहले विद्यालय के शिक्षकों ने छात्रों के अर्धवार्षिक परीक्षा परिणामों की जानकारी अभिभावकों को दी। छात्रों के प्रदर्शन की समीक्षा करते हुए शिक्षकों ने बच्चों की प्रगति, उनकी कमजोरियों और सुधार के उपायों पर विस्तार से चर्चा की। साथ ही, बेहतर परिणाम के लिए घर पर अध्ययन माहौल बनाने और नियमित अनुशासन का पालन करवाने की सलाह दी गई। विद्यालय के निदेशक ने अभिभावकों को संबोधित करते हुए कहा कि विद्यालय और अभिभावक दोनों मिलकर बच्चों के सर्वांगीण विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। बच्चे तभी उत्कृष्ट प्रदर्शन कर सकते हैं जब विद्यालय में सिखाई गई बातें घर पर भी दोहराई जाएं। उन्होंने कहा कि शिक्षा केवल परीक्षा तक सीमित नहीं है, बल्कि जीवन मूल्यों को समझने और आत्मविश्वास विकसित करने का माध्यम है। कार्यक्रम के दौरान कई अभिभावकों ने भी अपनी राय रखी और शिक्षकों से संवाद किया। उन्होंने विद्यालय की शिक्षण पद्धति की सराहना की और कहा कि इस तरह के कार्यक्रमों से बच्चों की शिक्षा में पारदर्शिता और सहयोग बढ़ता है। विद्यालय प्रबंधन समिति के अध्यक्ष शिव कुमार सिंह ने बताया कि आगामी वार्षिक परीक्षा के लिए विद्यालय में विशेष कोचिंग कक्षाएं शुरू की जाएंगी, ताकि छात्र अपनी कमजोर विषयों में सुधार कर सकें। इसके साथ ही विद्यालय में खेल, सांस्कृतिक और व्यक्तित्व विकास से जुड़ी गतिविधियों को भी बढ़ावा दिया जाएगा। कार्यक्रम के अंत में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को सम्मानित किया गया। प्राचार्य ने बच्चों को निरंतर मेहनत और अनुशासन बनाए रखने के लिए प्रेरित किया।


