आनंद नगर के मस्तान बाबा दरगाह के पीछे बीते दस दिन से लीकेज पानी की लाइन को अब बंद कर दिया है। वैकल्पिक लाइन का मिलान बहोड़ापुर तिराहे से कर दिया गया है। लाइन मिलाने का काम गुरुवार को पूरा कर लिया गया। इससे अब लश्कर क्षेत्र के चार वार्ड के रहवासियों को राहत मिलेगी। इस क्षेत्र के रहवासियों को बीते 10 दिन से पेयजल की समस्या का समाधान हो गया है, लेकिन ग्वालियर विकास प्राधिकरण (जीडीए) की बसाई आनंद नगर आवासीय कॉलोनी में बिना 750 एमएम की पानी की लाइन का नक्शा देखे जिस अधिकारी ने प्लॉट का आवंटन किया उस अधिकारी की न तो जिम्मेदारी तय हो पाई और न ही कार्रवाई होगी। यह लाइन आनंद नगर के ए ब्लॉक के लगभग 54 मकानों के नीचे से गुजरी है। ऐसे में निगम के पीएचई अमले ने भले ही लाइन को बंद कर दिया है, लेकिन इससे कभी भी कोई बड़ा हादसा हो सकता है। कार्यपालन यंत्री संजीव गुप्ता ने बताया कि 750 एमएम व्यास वाली लाइन को बहोड़ापुर चौराहे पर बंद कर 600 एमएम व्यास की पानी की लाइन से जोड़ दिया है। अब लश्कर एरिया में बहोड़ापुर चौराहे से पानी जलालपुर से आने वाली पानी की लाइन से जाएगा। दो दिन से चल रहा था काम बहोड़ापुर चौराहे पर बने सामुदायिक शौचालय के पास निगम ने खुदाई कर दोनों लाइनों को जोड़ दिया। यहां लोहे के पाइपों पर बेल्डिंग कर जोड़ा गया। गुरुवार की यहां लगे वाल्व को खोलकर पानी की लाइन की टेस्टिंग की गई। मौके पर कोई लीकेज नहीं मिला है। इसके बाद क्षेत्र में जलप्रदाय शुरू किया गया। अब ऐसा होगा पानी सप्लाई की व्यवस्था
{जलालपुर वाटर ट्रीटमेंट प्लांट से आ रही 600 एमएम व्यास वाली पानी की लाइन बहोड़ापुर चौराहे से निकलती है। {यहीं 5 फीट के नजदीक रक्कास टैंक (लश्कर के लिए लीकेज वाली लाइन) से पुरानी लाइन निकली है। इसे बहोड़ापुर चौराहे पर काटकर बंद कर दिया। {बहोड़ापुर चौराहे पर जलालपुर से आ रही पानी की लाइन से रक्कास टैंक वाली लाइन को लश्कर के लिए जोड़ दिया गया है। इससे 54 मकान बच गए हैं, जिनके नीचे से लाइन गुजरी है।


