जोधपुर के जयनारायण विश्वविद्यालय में अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के प्रांत मंत्री पूनम भाटी के नकल प्रकरण को लेकर एनएसयूआई ने शनिवार को यूनिवर्सिटी के केंद्रीय कार्यालय में हंगामा किया। एनएसयूआई के कार्यकर्ता कुलसचिव कार्यालय में धरने पर बैठ गए। बाद में विरोध को देखते हुए कुलसचिव ने पूरे मामले में तीन सदस्य कमेटी का गठन किया। एनएसयूआई के जिला अध्यक्ष बबलू सोलंकी के नेतृत्व में धरना दिया गया। सोलंकी ने बताया कि NSUI की ओर से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच करवाने की मांग की गई। विरोध को देखते हुए कुलसचिव ने तीन सदस्य कमेटी गठित करने का आश्वासन दिया इसके बाद धरना समाप्त किया गया। उन्होंने बताया कि यूनिवर्सिटी में हुए नकल के प्रकरण को दबाने के लिए यूनिवर्सिटी प्रशासन पर दबाव बनाया गया। संगठन के दबाव में सत्ता का इस्तेमाल किया गया। NSUI इस पूरे मामले का पूर्ण तरीके से विरोध करती है। प्रदर्शन में प्रदेश महासचिव जितेंद्र कड़ेला, छात्र नेता अभिषेक मेहता, छात्र नेता एमएल चौधरी, ऋषि कच्छवाहा, ख़ुशराज देवड़ा सहित कार्यकर्ता मौजूद रहे। बता दें कि यूनिवर्सिटी में 29 सितंबर को MA हिंदी सेमेस्टर द्वितीय के एग्जाम में ABVP की प्रांत मंत्री पूनम भाटी नकल करते हुए पकड़ी गईं। मामला सामने आने के बाद संगठन के दबाव में यूनिवर्सिटी प्रशासन ने मामले को रफा दफा करने की कोशिश की। वहीं परीक्षा केंद्र की अधीक्षक सुशीला शक्तावत भी इस मामले में जानकारी देने से बच रही है। इधर इस मामले को लेकर 30 सितंबर को NSUI से लेकर RLP और अलग अलग संगठनों से जुड़े लोगों ने अपनी प्रतिक्रिया दी। विवाद बढ़ा तो डेढ़ दिन बाद ABVP की और से इस घटना को लेकर पूनम भाटी से स्पष्टीकरण मांगा गया। वहीं घटना के दो दिन बाद पूनम भाटी ने अपना पक्ष सोशल मीडिया पर रखा। वहीं यूनिवर्सिटी प्रशासन ने भी दो दिन जानकारी छिपाने के बाद इस प्रकरण को लेकर जानकारी दी। जिसमें यूनिवर्सिटी की ओर से इस मामले में बात करने पर नकल करने का की बनाने की बात कही गई। हालांकि इस पूरे मामले में यूनिवर्सिटी प्रशासन कोई भी जानकारी देने से बच रहा है। सेंटर की अधीक्षक भी इस मामले में चुप है।


