धनबाद स्थित आईआईटी आईएसएम धनबाद अपने शताब्दी वर्ष समारोह की तैयारियों में जुटा हुआ है। इस मौके पर देश के प्रसिद्ध उद्योगपति और अडानी समूह के संस्थापक-अध्यक्ष गौतम अडानी मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत करेंगे। समारोह का आयोजन 9 दिसंबर को किया जाएगा। आईआईटी आईएसएम के डिप्टी डायरेक्टर प्रोफेसर धीरज कुमार ने बताया कि ठीक 9 दिसंबर 1926 को ब्रिटिश शासनकाल में तत्कालीन वायसराय लॉर्ड इरविन ने इस संस्थान का उद्घाटन किया था। संस्थान इस वर्ष अपने सौ साल पूरे कर रहा है। उन्होंने आगे बताया कि 9 दिसंबर को होने वाले मुख्य और भव्य कार्यक्रम में अडानी समूह के संस्थापक-अध्यक्ष गौतम अडानी शामिल होंगे। उनकी सहमति मिल चुकी है। हालांकि उनके पूरे कार्यक्रम का शेड्यूल फाइनल नहीं हुआ है। शताब्दी वर्ष समारोह की विशेषताएं शताब्दी वर्ष के उपलक्ष्य में 100 रुपए का स्मारक सिक्का जारी किया जाएगा। संस्थान के छात्र मोहित गुप्ता द्वारा डिजाइन किया गया लोगो शताब्दी वर्ष के लिए उपयोग किया जाएगा। इस कार्यक्रम के दौरान कई विशेष परियोजनाओं पर काम हो रहा है, जिनमें 2500 क्षमता वाला शताब्दी सभागार, 1200 छात्रों की क्षमता वाले स्मार्ट क्लासरूम और 200-200 लोगों की क्षमता वाले दो अत्याधुनिक कॉन्फ्रेंस रूम शामिल हैं। संस्थान ने इस इवेंट के लिए 100 करोड़ रुपए जुटाने का लक्ष्य रखा है, जिसमें पूर्ववर्ती छात्र संगठन आईएसएम भी सहयोग कर रहा है। शताब्दी समारोह के दौरान वसंत नामक एक कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा, जिसमें एलुमिनाई मीट का आयोजन होगा और संस्थान की ओर से आईएसएम के इतिहास पर एक पुस्तक का विमोचन किया जाएगा। साथ ही, एक स्मारिका भी जारी की जाएगी। IIT ISM को राष्ट्रपति जारी कर चुकी हैं डाक टिकट संस्थान के डिप्टी डायरेक्टर प्रोफेसर धीरज कुमार ने बताया कि इस इवेंट को हम लोग ऐतिहासिक बनाने में जुटे हुए हैं। उन्होंने बताया कि शताब्दी समारोह कार्यक्रम की शुरुआत 9 दिसंबर 2024 से हमने की है। यह 9 दिसंबर 2026 तक चलेगा। इस पूरे समय को हम शताब्दी समारोह के रूप में मना रहे हैं। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने डाक टिकट जारी कर इसकी शुरुआत कर दी है। डिप्टी डायरेक्टर प्रोफेसर धीरज कुमार के अनुसार, इस वर्ष हम 100वां स्थापना दिवस मनाएंगे। वहीं, अगले साल हमारा समारोह का समापन वर्ष होगा। इसमें हम चार कार्यक्रम करेंगे। इसमें हम वसंत नाम से इवेंट करेंगे। यह फरवरी के पहले सप्ताह में होगा। इसमें एलुमिनाई मीट होगा। पूरे कार्यक्रम के दौरान संस्थान की ओर से आइएसएम के इतिहास पर किताब लांच होगा। सोवेनियर भी जारी किया जाएगा।


