छत्तीसगढ़ के कांकेर जिले में प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के तहत बनी डेढ़ करोड़ की सड़क दूसरे ही दिन उखड़ गई। आमाबेड़ा क्षेत्र में चंगोड़ी से नागरबेड़ा होते हुए उपतहसील आमाबेड़ा में 20 जून को 10 किलोमीटर सड़क निर्माण हुआ था, जिसमें 2 किलोमीटर का हिस्सा उखड़ गया है। ग्रामीणों का आरोप है कि ठेकेदार ने निर्माण में घटिया सामग्री का इस्तेमाल किया। डामर की जगह काला ऑयल और गिट्टी की बजरी डाली गई। स्थानीय लोगों के विरोध के बाद मामला अधिकारियों के संज्ञान में आया। प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के कार्यपालन अभियंता डिकेश कुमार कोमा ने 30 जून को मौके का निरीक्षण किया। उन्होंने ठेकेदार को नोटिस जारी कर भुगतान रोक दिया। साथ ही सड़क को उखाड़कर बारिश के बाद दोबारा बनाने के निर्देश दिए। ग्रामीण खुद सड़क उखाड़ रहे नागरबेड़ा गांव में सैकड़ों ग्रामीण, विशेषकर महिलाएं, मजदूरी लेकर खुद सड़क को उखाड़ रही हैं। ग्रामीणों का कहना है कि यह उनकी पहली पक्की सड़क थी, लेकिन निर्माण में की गई लापरवाही ने सब बर्बाद कर दिया। विभाग ने कार्रवाई करते हुए संबंधित सहायक अभियंता और उपअभियंता को तत्काल प्रभाव से कार्य से हटा दिया है। खरोंचने से पैर से निकल रहा डामर नागरबेड़ा के सरपंच ने कहा कि यहां पहले CC रोड बना था। इनका पूरा काम ढकोसला है। डामर में कोई क्वालिटी नहीं है, पैर से खरोंचने पर ही निकल जा रहा है। PMGSY कार्य अभियंता डिकेश कोमा ने कहा कि अनियमितता की बात सामने आते ही मैंने मैके पर पहुंचकर जांच किया। उसके बाद तुरंत ठेकेदार को नोटिस दिया है। जितने भी खराब डामरीकरण किए गए है उसे उखाड़कर फिर से नया रोड बनाया जाएगा।


