भास्कर न्यूज | महासमुंद छत्तीसगढ़ नमो नमो मोर्चा के प्रदेश उपाध्यक्ष देवंराज बघेल ने बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नाम एक ज्ञापन छत्तीसगढ़ के राज्यपाल रामेन डेका छत्तीसगढ़ नमो-नमो मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष हेमलाल साहू ने सौंपा है, जिसमें प्रदेश को केंद्र सरकार ने करोड़ों की राशि जारी करने के बाद भी वन विभाग ने वन आवरण में वृद्धि नहीं कर पाया है। बघेल ने बताया है कि छत्तीसगढ़ विभिन्न योजनाओं तथा कैंपा मद से 10 हजार करोड़ रुपये से भी अधिक राशि पौधारोपण, जंगलों को सुरक्षा तथा हरियर छत्तीसगढ़ योजना के तहत केंद्र सरकार द्वारा प्रदान किया गया है। लेकिन, उनका योजनाओं में वृहद स्तर पर भ्रष्टाचार, अधिकारियों को मिलीभगत से तथा जंगलों का विनाश व अवैध कटाई शासकीय अधिकारी-कर्मचारियों की लापरवाही व उदासीनता से हुई है। 10 हजार करोड़ की राशि एक बड़ी राशि होती है। जिससे लाखों हेक्टेयर में जंगलों का वृहद स्तर पर विस्तार हो सकता है। भारतीय वन सर्वेक्षण की रिपोर्ट के मुताबिक, साल 2021 से 2023 के बीच छत्तीसगढ़ में जंगल का क्षेत्रफल 19.13 वर्ग किलोमीटर यानी 4,782 एकड़ कम हुआ है। इस रिपोर्ट से पता चलता है कि सरकारी और निजी दोनों तरह के बन आवरण में कमी आई है। रिपोर्ट के अनुसार छत्तीसगढ़ में जंगल का क्षेत्रफल साल 2021 में 42,433.80 वर्ग किलोमीटर था। साल 2013 में यह घटकर 42,420.39 वर्ग किलोमीटर रह गया, जिससे यह स्पष्ट होता है कि प्रदेश में अधिकारियों द्वारा केंद्र द्वारा जारी राशि की बंदरबांट की गई है। प्रदेश अध्यक्ष द्वारा सौंपे ज्ञापन में केंद्र सरकार द्वारा पौधारोपण संबंधित विकास कार्य के लिए दिए जाने वाली राशि कर 7000 करोड़ कैया मद, 350 करोड़ हरियर छग मद में हुए भ्रष्टाचार की जांच सीबीआई, इंडी जांच की मांग की गई है।


