भास्कर न्यूज|गिरिडीह|बनियाडीह बनियाडीह सीसीएल क्षेत्र में कोयला का अवैध उत्खनन थमने का नाम नहीं ले रहा है। सीसीएल प्रबंधन व पुलिस प्रशासन इस पर रोक लगाने में विफल है। लिहाजा कोयला तस्कर रात दिन अवैध खंता का संचालन कर रहे हैं। लेकिन इसका खामियाजा उन मजदूरों को भुगतना पड़ रहा है, जो मजदूर सुरंग के सहारे खंता में 100 फीट नीचे से कोयला निकालते हैं। इसी क्रम में शुक्रवार की देर रात एक मजदूर की कोयला खंता में दबकर मौत हो गयी है। सीसीएल परियोजना क्षेत्र अंतर्गत ओपेन कास्ट कोलियरी से सटे फुसकी बंगला के बगल में लंबे समय से अवैध खंता संचालित हो रहा था। जहां धंसने में मजदूर की दबकर मौत हुई है। सूचना मिलते ही सीसीएल के परियोजना पदाधिकारी जी मीणा, एसडीपीओ जीत वाहन उरांव, मुफ्फस्सिल थाना प्रभारी श्याम किशोर महतो दलबल के साथ घटनास्थल पर पहुंचे और घटना का जायजा लिया। लेकिन देर रात को ही खंता ठेकेदार व मजदूर उसकी लाश ठिकाने लगा चुका था। लिहाजा पुलिस प्रशासन को मौके पर कुछ भी हाथ नहीं लगा है। लेकिन प्रशासन सुबह से खंता से लेकर आसपास के जंगलों में खाक छानती रही। लेकिन यह स्पष्ट हो गया कि बरमोरिया पंचायत अंतर्गत गप्पैय गांव निवासी गुज्जर दास की मौत खंता में दबकर हुई है। जो बरहमोरिया पंचायत के गप्पैय वार्ड सदस्य का पति था। घटना के बाद सभी परिजन भी घर में तालाब बंद कर फरार है। वहीं चिन्हित खंता ठेकेदार को दबोचने की फिराक में मुफ्फसिल पुलिस जुट गई है। रात 3 बजे चाल धंसी, घटना के बाद खंता के मुहाने को किया बंद जानकारी के मुताबिक शुक्रवार देर से खंता से कोयला उत्खनन का दूसरा शिफ्ट शुरू हुआ था। जिसमें दो मजदूर सुरंग के अंदर घूसे थे, जबकि दो मजदूर बाहर था। इसी क्रम में रात करीब 3 बजे चाल धंसी और एक मजदूर गुज्जर कोयले के नीचे दब गया। वहां मौजूद अन्य मजदूरों ने कड़ी मशक्कत से उसे बाहर निकाला, लेकिन तब तक उसकी मौत हो गयी। घटना के खबर पाकर परिजन स्थल पर पहुंचे, जहां चुप रहने व मामले को रफा-दफा करने के लिए 4 लाख रुपए दिए। जिस पर परिजन भी सहमत हो गए और तत्काल ही शव को दफना दिया गया। वहीं खंता के मुहाने पर बालू व मिट्टी भरा बोरा डालकर बंद कर दिया। ताकि किसी को भनक नहीं लगे और डोजरिंग होने के बाद भी खंता को चालू किया जा सके। पंचायत के मुखिया मुन्नालाल साव ने बताया कि घटना की जानकारी मुझे भी है पर घर से सभी सदस्य फरार हैं और घर में ताला लगा पड़ा है। खंता ठेकेदार पर होगी कड़ी कार्रवाई : एसडीपीओ इस संदर्भ में एसडीपीओ जीतवाहन उरांव व थाना प्रभारी श्याम किशोर महतो ने कहा कि घटना की जांच की जा रही है। पुलिस टीम द्वारा इन क्षेत्रों में सर्च अभियान भी चलाया जा रहा है, ताकि मृतक की बॉडी को खोजा जा सके। कहा कि खंता संचालकों पर कड़ी से कड़ी कार्रवाई की जाएगी। जान जोखिम में डाल कोयला निकालते हैं मजदूर : शिवनाथ यूनियन नेता तेजलाल मंडल व शिवनाथ साव ने कहा कि अवैध खंता में कार्य कर रहे मजदूरों को इस घटना से सीख लेने की आवश्यकता है की चंद पैसों के लालच में वह अपने व अपने परिवार का भविष्य खतरे में डाल रहे हैं। अवैध माइनिंग का परिणाम बहुत ही भयावह है। जिससे वह दो वक्त की रोटी तो कमा सकते हैं लेकिन अपने व अपने बच्चों के भविष्य को कभी भी नहीं बना सकते हैं। कहा कि खंता ठेकेदार व मजदूरों का 50:50 शेयर रहता है। जिसके लिए लोग जान जोखिम में डालते हैं।


