दुर्गूकोंदल| आंगनबाड़ी कार्यकर्ता सहायिका संयुक्त मंच द्वारा लंबित 8 सूत्रीय मांगों को लेकर 19 सितंबर को प्रांतीय स्तर पर रायपुर (तूता) में विशाल धरना, रैली व प्रदर्शन आयोजित किया जाएगा। इस आंदोलन में प्रदेशभर की सभी आंगनबाड़ी कार्यकर्ता व सहायिकाएं सामूहिक अवकाश लेकर हिस्सा लेंगी। संयुक्त मंच के प्रांतीय निकाय ने बताया 18 अगस्त 2025, 1 सितंबर 2025 व समय-समय पर महिला व बाल विकास विभाग, छत्तीसगढ़ शासन को ज्ञापन सौंपे गए। इसके बावजूद शासन-प्रशासन द्वारा न तो कोई सार्थक चर्चा की गई और न ही मांगों की पूर्ति की दिशा में कोई ठोस कदम उठाया गया। संयुक्त मंच ने स्पष्ट किया कि प्रदेश की लगभग एक लाख आंगनबाड़ी कार्यकर्ता एवं सहायिकाएं अपनी समस्याओं एवं मांगों को लेकर लगातार संघर्षरत हैं। शासन की उदासीनता से कार्यकर्ताओं में गहरा आक्रोश है। इसी के चलते संघर्ष के द्वितीय चरण की घोषणा की गई है। उनकी मांगों में सरकारी कर्मचारी का दर्जा प्रदान किए जाने, मानदेय बढ़ाकर कार्यकर्ता को 18 हजार व सहायिका को 12 हजार किए जाने, सेवानिवृत्ति उपरांत पेंशन, ग्रेच्युटी एवं अन्य सामाजिक सुरक्षा योजनाओं का लाभ दिए जाने, कार्य के अनुरूप सभी आंगनबाड़ी केंद्रों में मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराए जाने समेत अन्य मांग शामिल है।


