झामुमो ने भाजपा पर आदिवासी नायकों के नाम पर ओछी राजनीति करने का आरोप लगाया है। पार्टी के महासचिव व प्रवक्ता विनोद कुमार पांडेय ने कहा है कि भाजपा एक ओर आदिवासी नायकों के सम्मान का ढोंग करती है, दूसरी ओर झारखंड की संस्कृति, इतिहास और आदिवासी अस्मिता को लगातार अपमानित करती है। उन्होंने कहा कि भाजपा ने अपने शासनकाल में जल, जंगल, जमीन को कॉरपोरेट घरानों के हवाले करने की साजिश रची और आदिवासियों की मूलभूत समस्याओं को नजरअंदाज किया। झामुमो महासचिव ने कहा है कि भगवान बिरसा मुंडा, सिदो-कान्हू, तिलका माझी, वीर बुधु भगत जैसे आदिवासी नायकों ने औपनिवेशिक शोषण और सामाजिक अन्याय के खिलाफ संघर्ष किया था। लेकिन भाजपा ने अपने कार्यकाल में इनके आदर्शों को कुचलने का प्रयास किया। पांडेय ने कहा कि भाजपा ने बिरसा मुंडा की जयंती को राष्ट्रीय जनजातीय गौरव दिवस के रूप में मनाने जैसे प्रतीकात्मक कदम उठाए, लेकिन जमीनी स्तर पर आदिवासियों के हक में ठोस नीतियां बनाने में वह पूरी तरह विफल रही। वहीं हेमंत सोरेन के नेतृत्व में झामुमो ने आदिवासियों के हितों को प्राथमिकता दी है। उन्होंने कहा कि हम भाजपा के पाखंड को बेनकाब करते रहेंगे ।


