नारायणपुर| छत्तीसगढ़ शासन के हस्तशिल्प विकास बोर्ड की अध्यक्ष एवं भारतीय जनता पार्टी महिला मोर्चा की प्रदेशाध्यक्ष शालिनी राजपूत ने मंगलवार को नारायणपुर जिला भाजपा कार्यालय में प्रेसवार्ता का आयोजन किया। यह प्रेसवार्ता वर्ष 1975 में तत्कालीन कांग्रेस सरकार द्वारा लगाए गए आपातकाल के 50वें वर्ष के अवसर पर रखी गई थी, जिसे भारतीय जनता पार्टी पूरे देश में काला दिवस के रूप में मना रही है। शालिनी राजपूत ने आपातकाल के दौर की भयावहता पर कहा कि 25 जून 1975 को भारत के लोकतांत्रिक इतिहास पर एक गहरा धब्बा लगा था। तत्कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी द्वारा लगाए गए आपातकाल ने संविधान, प्रेस, न्यायपालिका और आम जनता की स्वतंत्रता को कुचलने का काम किया। उन्होंने कहा कि वह समय भारत के लोकतंत्र पर सबसे बड़ा हमला था और कांग्रेस की सत्ता बचाने के लिए पूरे देश को अंधेरे में धकेल दिया गया था। राजपूत ने आरोप लगाया कि उस समय कांग्रेस ने संविधान को ताक पर रखकर सत्ता की लालसा में लाखों निर्दोष नागरिकों को जेल में डाला, प्रेस की आजादी छीन ली गई और न्यायपालिका पर दबाव डाला गया।


