इंदौर से दौंड जाने और आने वाले यात्रियों को 23 से 25 जनवरी 2026 के बीच परेशानी का सामना करना पड़ेगा। इंदौर-दौंड-इंदौर एक्सप्रेस इस अवधि में ना तो दौंड तक जाएगी ना ही दौंड से चलेगी। इस बीच इस ट्रेन का संचालन इंदौर से खड़की और खड़की से इंदौर के बीच होगा। रेलवे जनसंपर्क अधिकारी खेमराज मीना ने बताया कि दौंड–काष्ठी रेलखंड में दोहरीकरण से जुड़े प्री-नॉन इंटरलॉकिंग और इंटरलॉकिंग कार्यों के कारण रेल संचालन प्रभावित होने वाला है। इसका असर इंदौर से चलने वाली और इंदौर आने वाली महत्वपूर्ण सुपरफास्ट एक्सप्रेस ट्रेनों पर भी पड़ेगा। इन कार्यों के चलते कई ट्रेनों को शॉर्ट-टर्मिनेट या शॉर्ट-ओरिजिनेट किया जाएगा। इसके अलावा 22944 इंदौर-दौंड सुपरफास्ट एक्सप्रेस 23 और 24 जनवरी 2026 को खड़की से शॉर्ट टर्मिनेट होगी। यानी यहीं तक जाएगी और खड़की से दौंड तक निरस्त रहेगी। इसी तरह 22943 दौंड-इंदौर सुपरफास्ट एक्सप्रेस 24 और 25 जनवरी को खड़की से शॉर्ट ओरिजिनेट होगी। यानी दौंड से खड़की के बीच निरस्त रहेगी और खड़की से इंदौर के बीच ही चलेगी। इंदौर-मुंबई तेजस एक्सप्रेस अब 1 जनवरी तक चलेगी इधर, रेलवे ने इंदौर-मुंबई के बीच चलने वाली सेमी हाईस्पीड तेजस एक्सप्रेस ट्रेन के फेरे एक बार फिर बढ़ा दिए हैं। ट्रेन अब 1 जनवरी 2026 तक चलेगी। ट्रेन के फेरे बढ़ाने से यात्रियों को फायदा हुआ है। अवंतिका, दुरंतो एक्सप्रेस सहित मुंबई रूट की ट्रेनों में पहले जहां 140-160 फीसदी तक यात्री दबाव था, वह अब घटकर 120 फीसदी तक रह गया है। वहीं वीकेंड और त्योहारी सीजन में भी ट्रेन में कन्फर्म सीटें मिल रही हैं। तेजस एक्सप्रेस में फिलहाल 75 फीसदी सीटें फुल चल रही हैं। बता दें कि इंदौर-मुंबई के बीच रेलवे ने 23 जुलाई 2025 से तेजस स्पेशल ट्रेन का संचालन शुरू किया था। ट्रेन सप्ताह में चार दिन चलाई थी। शुरुआत में ट्रेन अगस्त तक चलना थी, जिसके बाद रेलवे ने नवंबर तक फेरे बढ़ा दिए।


