राजधानी समेत राज्यभर में पहली बार ऐसा हो रहा है जब निजी अपार्टमेंट और कॉम्प्लेक्स में भी ईवी चार्जिंग स्टेशन खुल सकेंगे। अभी तक ईवी गाड़ियों को चार्ज करने के लिए चार्जिंग स्टेशन खोलने का काम संबंधित जिला प्रशासन और निगम वाले ही कर रहे थे। इसमें नामी कंपनियों के साथ एमओयू भी किया जा रहा था। लेकिन जितनी तेजी से ईवी गाड़ियों की संख्या बढ़ रही है, उसकी तुलना में चार्जिंग स्टेशन की संख्या बेहद कम है। राजधानी में अभी 14 और राज्यभर में करीब 290 चार्जिंग स्टेशन हैं। विशेषज्ञों के अनुसार अभी छत्तीसगढ़ में 1.69 लाख से ज्यादा ईवी गाड़ियां दौड़ रही हैं, उसकी तुलना में स्टेशनों की संख्या दोगुनी होनी चाहिए। आवास एवं पर्यावरण विभाग के अफसरों के अनुसार अभी तक चार्जिंग स्टेशन और सीएनजी पंप के लिए नीति तैयार नहीं थी। ईवी गाड़ियों की संख्या बढ़ने के बाद ही नई गाइडलाइन जारी की गई है। यही वजह है कि अभी इसमें जरूरी संशोधन के लिए आम लोगों से सुझाव भी मांगे गए हैं। पॉलिसी तय नहीं होने की वजह से ही स्टेशन और पंप खोलने में कई तरह की परेशानी हो रही थी। लेकिन अब ऐसा नहीं होगा। अधिसूचना जारी, लोगों से 15 दिन में मांगे गए सुझाव अब ऐसे होंगे नए नियम टाउन प्लानिंग विभाग में दे सकते हैं सुझाव
आवास एवं पर्यावरण विभाग के विशेष सचिव देवेंद्र भारद्वाज ने यह अधिसूचना जारी की है। इसके अनुसार नए नियम लागू किए गए हैं। लेकिन इसमें आम लोगों से भी सुझाव मांगे गए हैं। इस नए नियमों पर कोई भी व्यक्ति 24 फरवरी तक अपने सुझाव आवास एवं पर्यावरण मंत्रालय तक पहुंचा सकता है। तय समय के बाद किसी भी तरह की आपत्ति या सुझाव स्वीकार नहीं किए जाएंगे। विभाग के अफसरों का कहना है कि जरूरी और सुझावों को जरूर शामिल किया जाएगा।


