भास्कर न्यूज|अमृतसर नगर निगम अफसर 26 जनवरी से ई-चालान सिस्टम शुरू करने का दावा कर रहे हैं। इससे ट्रैफिक सिस्टम में सुधार तो होगा ही आरटीए दफ्तर में चालान वापस करवाने, वाहन छुड़ाने के नाम पर एजेंटों की तरफ की जाने वाली वसूली का खेल भी खत्म हो जाएगा। दरअसल, अब तक ऑफलाइन चालान ट्रैफिक पुलिस की तरफ से काटा जाता है, जिसमें कितने रुपए का चालान काटा गया यह मेंशन नहीं होता। इसी का फायदा उठाकर एजेंट लोगों को उनके वाहन आरटीए दफ्तर से छुड़वाने के नाम पर मोटी रकम ऐंठते थे। लेकिन ई-चालान में हेल्मेट, ट्रैफिक रूल का उल्लंघन करने, सीट बेल्ट नहीं लगाने, हाई सिक्योरिटी नंबर पलेट न होना, गाड़ी के कागजात पूरा न होना और रेड लाइट जंप या अन्य मामलों में वाहनों का चालान काटने पर उसका अमाउंट लिखा रहेगा। चालान काटे जाने के बाद वाहन चालकों के मोबाइल पर मैसेज चला जाएगा, जिसके बाद वाहन चालक सीधे संबंधित आरटीओ दफ्तर के यहां जाकर भुगतान कर सकेंगे। बता दें वाहनों के चालान काटे जाने पर आरटीए दफ्तर में घूम रहे एजेंट लोगों को गुमराह करके रुपए ऐंठ लेते थे। जिसको लेकर अफसरों तक शिकायतें भी की गईं। लेकिन इसका स्थायी हल नहीं निकाला जा सका। वहीं अब एजेंटों पर नकेल कसने के लिए ई-चालान मददगार साबित होगा। निगम के मुताबिक शहर भर में 409 प्वाइंट पर 1,115 सीसीटीवी अत्याधुनिक कैमरे लगाए जा चुके हैं। जिसमें 50 फेस डिटेक्शन कैमरे, 10 एलईडी स्क्रीन और 50 चौकों पर सार्वजनिक चेतावनी प्रणाली शामिल है। निगम कार्यालय में स्थापित इंटीग्रेटेड कमांड कंट्रोल सेंटर में पुलिस अधिकारियों द्वारा टेस्टिंग की जा रही है। निगम के प्रत्येक विभाग के अधिकारियों को भी इसकी ट्रेनिंग दी जाएगी। जिस भी प्वाइंट पर सीसीटीवी कैमरे लगे हैं, वहां निगम से संबंधित कोई गतिविधि होती है, तो उस पर भी कार्रवाई की जाएगी।


