उदयपुर पुलिस ने बुधवार को अपराधियों और नियमों की धज्जियां उड़ाने वालों के खिलाफ ‘जीरो टॉलरेंस’ की नीति अपनाते हुए दो बड़ी कार्रवाइयां की। एक तरफ जहां नेशनल हाईवे पर बेतरतीब वाहन खड़े कर आम जनता का रास्ता रोकने वाले ट्रांसपोर्टर्स पर कानूनी शिकंजा कसा गया, वहीं दूसरी तरफ कुराबड इलाके में प्राकृतिक संसाधनों की लूट करने वाले खनन माफिया के हौसले पस्त किए गए। जिला पुलिस की इन कार्रवाइयों से जिले के माफिया तत्वों और नियम तोड़ने वालों में हड़कंप मच गया। पुलिस ने 5 ट्रेलर, 2 जेसीबी और 9 ट्रैक्टर जब्त किए है। उदयपुर एसपी योगेश गोयल के निर्देश पर यह कार्रवाई हुई। हाईवे पर मनमानी पड़ी भारी, 5 ट्रेलर जब्त
गोगुंदा थाना पुलिस ने उदयपुर-पिंडवाड़ा नेशनल हाईवे-27 पर बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया। बुधवार को गोगुंदा टोल प्लाजा के पास उस वक्त अफरा-तफरी मच गई, जब 5 ट्रेलर चालकों ने अपने भारी वाहनों को सड़क के बीचों-बीच बेतरतीब ढंग से खड़ा कर दिया। इस लापरवाही के कारण हाईवे पर लंबा जाम लग गया और यातायात पूरी तरह बाधित हो गया। थानाधिकारी श्याम सिंह ने बताया कि इन वाहनों के कारण न केवल आम लोगों को भारी परेशानी हो रही थी, बल्कि तेज रफ्तार हाईवे पर किसी बड़े सड़क हादसे की पूरी आशंका बनी हुई थी। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए पुलिस टीम ने तुरंत एक्शन लिया और पांचों ट्रेलरों को जब्त कर लिया। मकरेड़ी नदी में पुलिस की की रेड, माफिया फरार
वही कुराबड़ थाना पुलिस और जिला विशेष टीम (DST) के संयुक्त तत्वावधान में कार्रवाई हुई। लंबे समय से मकरेड़ी नदी में अवैध बजरी खनन की शिकायतें मिल रही थीं। इस पर पुलिस की एक विशेष टीम ने नदी क्षेत्र में दबिश दी। पुलिस को देखते ही खनन स्थल पर भगदड़ मच गई। पुलिस ने मौके से अवैध खनन और परिवहन में लगी 02 जेसीबी मशीनें और 09 ट्रैक्टर-ट्रॉली को घेराबंदी कर जब्त किया है। पुलिस अब उन रसूखदारों की पहचान करने में जुटी है, जो इस अवैध खनन के नेटवर्क को संचालित कर रहे थे। इन दोनों कार्रवाइयों में पुलिस की अलग-अलग टीमों ने समन्वय के साथ काम किया। कुराबड में थानाधिकारी प्रभुलाल और डीएसटी प्रभारी विक्रम सिंह की टीम ने जहाँ माफिया पर नकेल कसी, वहीं गोगुंदा में यातायात सुचारु कराया गया। आने वाले दिनों में जिले के अन्य संवेदनशील इलाकों में भी इसी तरह की आकस्मिक चेकिंग और धरपकड़ अभियान जारी रहने की संभावना है।


