उदयपुर में ट्यूरिस्ट की सेफ्टी के लिए पुलिस ने बड़ा कदम उठाया है। उदयपुर शहर के सभी पेसेंजर ऑटो पर अब विशेष स्टीकर्स लगेंगे। इन पर संबंधित ऑटो का नंबर, मालिक-ड्राइवर का नाम और फोन नंबर लिखा है, ताकि ऑटो पर बैठा कोई भी व्यक्ति सेफ फील कर सके। शहर के करीब 3 हजार ऑटो पर शनिवार से ये विशेष स्टिकर लगाए जा रहे है। राजस्थान में उदयपुर पहली सिटी है, जहां इस तरह सभी पेसेंजर ऑटो पर स्टीकर लगाए गए हैं। शहर के देहलीगेट पर पुलिस कंट्रोल रूम से इसकी शुरूआत हुई। कार्यक्रम में जिला कलेक्टर नमित मेहता, एसपी योगेश गोयल, विधायक ताराचंद जैन, फूलसिंह मीणा समेत ऑटो यूनियन से जुड़े पदाधिकारियों और ट्रॉफिक पुलिस के जवान मौजूद रहे। इस दौरान 50 से ज्यादा ऑटो पर अतिथियों ने स्टीकर चिपकाए और शहर के चौराहों पर ड्यूटी पर पोस्टेड यातायात कर्मियों को हेलमेट दिए गए। एसपी योगेश गोयल ने बताया कि उदयपुर शहर देशी-विदेशी पर्यटकों का प्रमुख आकर्षण केंद्र है। शहर के इलाकों की तंग गलियों और ढलान के कारण अधिकतर लोग ऑटो से सफर करते है। अगले 15 दिनों में सभी ऑटो को रजिस्टर्ड कर स्टीकर लगाएंगें। इन स्टीकर्स पर हेल्पलाइन नंबर भी लिखे हुए है, ताकि तुरंत कोई भी मदद मांग सके। सभी ऑटो की विंड स्क्रीन बाहर और अंदर की तरफ यह स्टीकर लगाए जा रहे है। एसपी गोयल ने बताया कि जिन ऑटो मालिक ने अब तक विवरण नहीं दिया हैं, उन्हें तय समय में तुरंत डिटेल जमा करवानी होगी। ये पर्यटकों की सुरक्षा, सुविधा व विश्वास को बढ़ाने एवं उदयपुर घूमने के अनुभव को बेहतर बनाने के लिए किया जा रहा है। पर्यटकों को ऑटो किराए पर लेते समय व अन्दर बैठने के बाद पूरी जानकारी रहेगी। पुलिस ने अपने स्तर पर शहर के ट्रॉफिक व्यवस्था को सुधारने के लिहाज से काम किया है। यूनियन के साथ मिलकर सभी ड्राइवर्स के लिए ड्रेस कोड लागू पर काम किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि ऑटो नम्बर, मालिक-ड्राइवर का नाम और फोन नम्बर लिखना होगा, 15 दिनों में 3 हजार स्टीकर लगेंगे उन्होंने बताया कि कभी पर्यटक सामान ऑटो में भूल जाए तो उससे तत्काल सम्पर्क कर सकता है। स्टिकर वाले ऑटो से ड्राइवर्स और मालिकों का भी सत्यापन साथ-साथ हो रहा है, जिससे उन्हें हर समय दस्तावेज साथ रखने से मुक्ति मिलेगी।


