हरदा जिला जेल में मंगलवार सुबह एनडीपीएस मामले में एक सप्ताह से बंद 63 वर्षीय कैदी की मौत हो गई। मृतक के बेटे ने पुलिस पर उसके पिता को झूठे केस में फंसाने का आरोप लगाया है। जानकारी के अनुसार, जिले के बैड़ी गांव निवासी रामदयाल पिता मनसाराम विश्नोई (63) सहित तीन लोगों को 28 दिसंबर को सिविल लाइन थाना पुलिस ने 53 ग्राम एमडी ड्रग्स के साथ पकड़ा था। तीनों को जेल भेज दिया था। एसपी ऑफिस में अगले दिन प्रेस कॉन्फ्रेंस कर एसपी अभिनव चौकसे ने घटना की जानकारी दी थी। तभी से तीनों हरदा जिला जेल में बंद थे। इसके बाद मंगलवार सुबह जेल में आरोपी रामदयाल विश्नोई को उल्टी और सीने में दर्द होने की शिकायत के बाद कर्मचारी जिला अस्पताल लेकर आए। जहां डॉक्टर ने उसे मृत घोषित कर दिया। जिला अस्पताल में शव के पीएम के दौरान बड़ी संख्या में मृतक के परिजन और अन्य लोग जमा हो गए। बेटे ने लगाए पुलिस पर आरोप बेटे कपिल विश्नोई ने पुलिस पर आरोप लगाया कि उसके पिता को झूठे केस में फंसाया गया। उन्हें सूचना मिली कि तबीयत खराब है, लेकिन जब अस्पताल आए तब तक उनकी मौत हो चुकी थी। उनके साथ जेल में क्या हुआ, उन्हें कुछ भी पता नहीं है। भाई बोला- भैंस खरीदने गए थे, झूठे केस में फंसाया रामदयाल के भाई महेश विश्नोई ने आरोप लगाया कि उनका भाई रामदयाल भैंस खरीदने के लिए रहटगांव के पास एक गांव गए थे। जहां 28 दिसम्बर की शाम करीब सात बजे उन्हें पुलिस ने पकड़ा और पूरी रात थाने में रखकर अगले दिन हरदा में साई मंदिर से हनुमान मंदिर के बीच एमडी के साथ पकड़ने का प्रकरण बनाया गया। जबकि, उनके पास कोई मादक पदार्थ नही था। उन्होंने पहले से बीमार होने की बात भी पुलिस को बताई थी, फिर भी झूठे केस में फंसाया गया। बेड़ी गांव का सरपंच था रामदयाल पुलिस के मुताबिक, 28 दिसंबर को आरोपी परमानंद विश्नोई, रामदयाल विश्नोई और हरिशंकर विश्नोई को पकड़ा गया था। इनमें परमानंद और रामदयाल पहले से ही पुलिस के रिकॉर्ड में थे। परमानंद पर हत्या, अड़ीबाजी और अवैध हथियार रखने जैसे कई गंभीर मामले दर्ज हैं। वहीं, रामदयाल ग्राम बेड़ी का वर्तमान सरपंच है, जिसकी पुलिस को लंबे समय से तलाश थी। मामले में डिप्टी जेलर योगेश शर्मा ने बताया – आज सुबह 5:35 को सिपाही ने सूचना दी कि एक बंदी उल्टी कर रहा है और गिर पड़ा है। इस पर तत्काल कंपाउंडर को बुलाया और बंदी को हॉस्पिटल लेकर पहुंचे, जहां डॉक्टर ने उसे मृत घोषित कर दिया। पीएम के बाद मामला स्पष्ट होगा। हमने न्यायिक जांच के लिए लिख दिया है। कैदी एनडीपीएस एक्ट के तहत लगभग एक हफ्ते से बंद था। यह खबर भी पढ़ें… सरपंच सहित तीन आरोपी एमडी ड्रग के साथ पकड़ाए:साढ़े दस लाख रुपए की 53 ग्राम एमडी ड्रग सहित कार जब्त


