एमसीबी जिले में साल की विदाई और नए वर्ष के आगमन पर एक अनोखी बहुरूपिया प्रतियोगिता का आयोजन किया जाता है। यह आयोजन मनेन्द्रगढ़ से शुरू हुआ था, जो अब जिले के नगर पंचायत खोंगापानी और नगर पालिक निगम चिरमिरी में भी होने लगा है। यह प्रतियोगिता दो श्रेणियों में आयोजित की जाती है, जिसमें कलाकार एकल या समूह में विभिन्न रूप धारण कर अलग-अलग संदेश देते हैं। आयोजन समिति द्वारा नगर के चौक-चौराहों पर दो-दो जजों को बैठाया जाता है। कलाकार घूम-घूम कर अपनी कला और संदेश का प्रदर्शन करते हैं। कलाकारों को मिलता है पुरस्कार शाम को सभी कलाकारों को मिले अंकों के आधार पर उन्हें पुरस्कृत किया जाता है। इस आयोजन को देखने के लिए बड़ी संख्या में दर्शक पहुंचते हैं। आयोजक जगदीश मधुकर ने बताया कि खोंगापानी के लोगों को इस आयोजन का साल भर इंतजार रहता है। उन्होंने इसे स्वस्थ मनोरंजन का माध्यम बताया, खासकर ऐसे समय में जब बच्चे मोबाइल और टेलीविजन तक सीमित हो रहे हैं। मधुकर के अनुसार, यह प्रतियोगिता बहुरूपिया की पुरानी संस्कृति के माध्यम से समाज को अलग-अलग संदेश देखने और सुनने का अवसर प्रदान करती है। इस आयोजन के लिए क्षेत्र के व्यापारियों से सहयोग लिया जाता है, जिसका उपयोग कलाकारों को पुरस्कार देने में किया जाता है।


