भास्कर न्यूज | हजारीबाग हजारीबाग शेख भिखारी मेडिकल कॉलेज अस्पताल प्रबंधन ने चिकित्सा व्यवस्था में जबरदस्त बदलाव करना शुरू कर दिया है। अब इस अस्पताल को फुली कंप्यूटराइज्ड किया जा रहा है। जिसमें पहले चरण में पैथोलॉजी डिपार्टमेंट को कंप्यूटराइज किया जा रहा है जो 5 फरवरी तक पूरा हो जाएगा। इसके बाद अस्पताल के ओपीडी से लेकर सभी विभाग को कंप्यूटरीकृत किया जाएगा। ऐसा हो जाने के बाद अब मरीज या फिर उनके अटेंडेंट को इलाज से संबंधित कागजी दस्तावेज ढोने से निजात मिल जाएगा। हजारीबाग हॉस्पिटल के पैथोलॉजी डिपार्टमेंट को कंप्यूटराइज किए जाने के बाद मरीज के मोबाइल पर ऑटोमेटिक जांच रिपोर्ट पहुंच जाएगा। इसके बाद पैथोलॉजी डिपार्टमेंट को ओपीडी से कनेक्ट किया जा रहा है जहां पैथोलॉजी डिपार्टमेंट से मरीजों का जांच रिपोर्ट ओपीडी में संबंधित चिकित्सक तक पहुंच जाएगा। अगले चरण में यहां यह भी सुविधा होगी कि कहीं बाहर भी इलाज अगर करना हो तो हजारीबाग एसबीएमसी हॉस्पिटल के वेबसाइट के माध्यम से मरीजों का डिटेल बाहर के चिकित्सकों को भी मिल जाएगा। इसके बाद मरीज को अब जांच रिपोर्ट के लिए पैथोलॉजी डिपार्टमेंट में कतार में नहीं खड़ा होना पड़ेगा। मरीज को ऑटोमेटिक मोबाइल पर जानकारी उपलब्ध हो जाएगा की आपकी बीमारी किस चिकित्सक से संबंधित है, आप किस चिकित्सक से संपर्क करेंगे। सबसे बड़ी बात यह है कि ऐसा हो जाने के बाद लोग घर बैठे ऑनलाइन नंबर लगा पाएंगे। घर बैठे नंबर लगाने की लोगों को मिलेगी सुविधा ^पूरे अस्पताल को कंप्यूटरीकरण किया जाना है। उन्होंने कहा कि यह व्यवस्था सीएमसी वेल्लोर और एम्स में उपलब्ध है। बहुत जल्द इस तरह की सुविधा मरीजों को इस अस्पताल में मिलने जा रहा है। यह सुविधा उपलब्ध हो जाने के बाद इलाज कराने के लिए पहुंचने वालों को हॉस्पिटल का चक्कर नहीं लगाना पड़ेगा उन्हें चिकित्सक से मिलने की निर्धारित तिथि मालूम होगी। पैथोलॉजी से उनका मोबाइल पर घर बैठे रिपोर्ट प्राप्त हो जाएगा जिससे अस्पताल में मरीजों की भीड़ भी कम होगी।^ डॉक्टर अनुकरण पूर्ति- हॉस्पिटल सुपरीटेंडेंट


