बिलासपुर| एसबीटी कॉलेज में शुक्रवार को “जनजातीय समाज का गौरवशाली अतीत” विषय पर व्याख्यान माला हुई। कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्वलन एवं भारत माता, रानी दुर्गावती, भगवान बिरसा मुंडा तथा शहीद वीर नारायण सिंह के चित्र पर माल्यार्पण कर किया गया। प्रस्तावना वनवासी कल्याण आश्रम के प्रांत शिक्षा आयाम प्रमुख चंद्रशेखर विठालकर ने रखा। मुख्य वक्ता देव कुमारी बंजारे ने जनजातीय समाज की समृद्ध परंपरा, शौर्य और संघर्ष के इतिहास पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि अंग्रेजों की कूटनीति और षड्यंत्र के चलते जनजातीय नायकों के अमर इतिहास को अभिलेखों में उचित स्थान नहीं दिया गया, जबकि उन्होंने स्वाधीनता के लिए अद्वितीय बलिदान दिए। कॉलेज के चेयरमैन राकेश तिवारी ने अपने अध्यक्षीय उद्बोधन में जनजातीय स्वतंत्रता सेनानियों के त्याग, साहस और राष्ट्रहित में दिए गए योगदान को रेखांकित किया। कार्यक्रम के अंतर्गत जनजातीय नायकों के जीवन एवं कार्यों पर आधारित एक विशेष प्रदर्शनी भी लगाई गई, जिसे उपस्थित सभी छात्रों व शिक्षकों ने बेहद रुचि के साथ देखा। कॉलेज के सभी प्राध्यापक मौजूद रहे।


