भास्कर न्यूज | अमृतसर शहर में पर्यटकों के लिए चल रही डबल डेकर बस पर लगाई गई श्री दुर्ग्याणा मंदिर की लगाई गई तस्वीर का समाज सेवक वरुण सरीन ने विरोध जताया। वह मंगलवार को किला गोबिंदगढ़ के नजदीक स्थित टूरिज्म विभाग के दफ्तर के पास पहुंचे और इस बस पर लगी मंदिर की तस्वीर को हटवाया। उन्होंने कहा कि बस पर तस्वीर लगाने से उन्हें कोई ऐतराज नहीं है, लेकिन जिस जगह पर यह तस्वीर लगाई गई है, वह गलत है। उनका कहना है कि बस की बनी सीढ़ियों के नजदीक गेट पर मंदिर की तस्वीर लगाई गई है और जब पर्यटक इस बस पर चढ़ते हैं तो वह पैरों में आती है, जिससे उनकी धार्मिक भावनाएं आहत होती है। उनका कहना है कि यात्रियों को प्रभावित करने के लिए मंदिर, गुरुद्वारों व अन्य ऐतिहासिक स्थलों की तस्वीरे तो बस पर लगाई गई हैं लेकिन उन्हें किस जगह पर और किस मर्यादा से लगाई जानी चाहिए, यह भी ख्याल रखना अति जरुरी है। उन्होंने कहा कि पिछले कुछ दिनों से उन्हें बहुत से लोगों के फोन आ रहे थे कि इस बस पर मंदिर की तस्वीर लगी है, जिससे लोगों की भावनाएं आहत हो रही है। वह अपने साथियों के साथ उक्त जगह पर पहुंचे तो टूरिज्म विभाग के कर्मचारियों ने उनकी बात सुनी और उन्होंने खुद ही इसे हटाने के लिए कहा। मौके पर ही उन्होंने खुद उस तस्वीर को हटवा दिया।


