कटनी जिले के बड़वारा विकासखंड की लाखखेरा ग्राम पंचायत के बजरवारा गांव में स्थित वृंदावन गौशाला की स्थिति चिंताजनक है। लक्ष्मी स्वयं सहायता समूह द्वारा संचालित इस गौशाला में लगभग 230 गौवंश दर्ज हैं। आरोप है कि खान-पान और इलाज की उचित व्यवस्था न होने के कारण बड़ी संख्या में गायों की मौत हो रही है। इस मामले में क्षेत्र के समाजसेवियों ने मुख्य कार्यपालन अधिकारी (CEO) से लिखित शिकायत की है और तत्काल सुधार की मांग की है। समाजसेवी राघवेंद्र सिंह ने शनिवार को जनपद कार्यालय में मुख्य कार्यपालन अधिकारी को लिखित शिकायत दी। उन्होंने बताया कि बजरवारा की वृंदावन गौशाला में हर दूसरे-तीसरे दिन भूख और इलाज के अभाव में गायों की मौत हो रही है। सिंह ने आरोप लगाया कि कागजों में गौवंश सुरक्षित दिखाए जाते हैं, जबकि वास्तविकता में गायें सड़कों और गौशालाओं में दम तोड़ रही हैं। शिकायतकर्ता राघवेंद्र सिंह ने मृत गायों के निस्तारण पर भी गंभीर आरोप लगाए हैं। उनके अनुसार, मृत गायों को खुले में छोड़ दिया जाता है, जिससे वे कुत्तों का शिकार बन जाती हैं। उन्होंने इस प्रथा पर तत्काल रोक लगाने की मांग की है। ग्रामीण राजाराम पटेल ने भी बड़वारा जनपद के मुख्य कार्यपालन अधिकारी से गौशाला की व्यवस्थाएं तत्काल दुरुस्त करने की मांग की है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि भूख और इलाज के अभाव में हो रही गायों की मौत पर जल्द रोक नहीं लगी और व्यवस्थाएं नहीं सुधारी गईं, तो ग्रामीण सड़क पर उतरकर विरोध प्रदर्शन करेंगे। CEO बोले- मामले की जांच कराई जाएगी इस संबंध में मुख्य कार्यपालन अधिकारी प्रभा सिंह तेकाम ने बताया कि उन्हें शिकायत प्राप्त हुई है। उन्होंने आश्वासन दिया कि मामले की जांच कराई जाएगी और यदि अव्यवस्थाएं पाई जाती हैं तो उन्हें जल्द दुरुस्त किया जाएगा।


