करौली में सट्टा किंग और दंगा प्रकरण के आरोपी के अवैध व्यावसायिक परिसर पर बुधवार को लगातार दूसरे दिन कार्रवाई की गई। नगर परिषद की टीम ने भारी पुलिस सुरक्षा के बीच परिसर के 3 अवैध हिस्सों को ध्वस्त किया। कार्रवाई के दौरान शहर में कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए व्यापक सुरक्षा इंतजाम किए गए थे। करौली के एसडीएम और कार्यवाहक नगर परिषद आयुक्त प्रेमराज मीना की मौजूदगी में नगर परिषद और पुलिस बल ने मिलकर इस कार्रवाई को अंजाम दिया।
सुरक्षा व्यवस्था के तहत कार्रवाई स्थल के साथ-साथ शहर के विभिन्न सार्वजनिक स्थानों, मंदिरों और बगीचों पर भी पुलिसकर्मी तैनात किए गए थे। संवेदनशील इलाकों में अतिरिक्त निगरानी रखी गई और अधिकारियों ने लगातार स्थिति की निगरानी की, ताकि किसी भी अप्रिय घटना को रोका जा सके। कार्यवाहक नगर परिषद आयुक्त और एसडीएम प्रेमराज मीना ने बताया कि भवन को पहले सीज किया गया था। इसके बाद जारी पट्टों और भवन निर्माण स्वीकृति की जांच में गंभीर अनियमितताएं पाई गईं। इन अनियमितताओं के कारण पट्टों और स्वीकृति को निरस्त कर अवैध निर्माण को चिह्नित किया गया था। इसी क्रम में बुधवार को दूसरे दिन भी जेसीबी, हैमर और अन्य भारी मशीनों की मदद से अवैध हिस्सों को हटाने की कार्रवाई जारी रही। कार्रवाई के मद्देनजर आसपास के क्षेत्रों में यातायात का प्रबंधन किया गया और आवश्यकतानुसार मार्गों को नियंत्रित रखा गया। पुलिस बल शांति व्यवस्था सुनिश्चित करने के लिए पूरी तरह मुस्तैद रहा।
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि नियमों के विरुद्ध किसी भी प्रकार के निर्माण पर सख्ती जारी रहेगी। अवैध अतिक्रमण हटाने की प्रक्रिया नियमानुसार आगे भी जारी रखी जाएगी।


