रायपुर में फर्जी ट्रेडिंग कंपनी चलाकर लोगों से धोखाधड़ी करने के मामले में पुलिस ने 5 और आरोपियों को गिरफ्तार किया है। कोतवाली थाने में दर्ज शिकायत के अनुसार, आरोपियों ने रियल एस्टेट और फॉरेक्स ट्रेडिंग के नाम पर लोगों को ठगा। मामले में चेतन लाल साहू ने 21 मई को रिपोर्ट दर्ज कराई थी। आरोपी जगन्नाथ टांडी और उनकी पत्नी अंजूलिका पटेल ने अफशा प्रॉपर्टी प्राइवेट लिमिटेड और आगाज इंफामल्टी सर्विसेस प्राइवेट लिमिटेड के नाम से कंपनियां चलाईं। बाद में इन्हें बदलकर अफशा प्रॉपर्टी सॉल्यूशन ट्रेडिंग टाइगर एकेडमी जावा वेंचर्स प्राइवेट लिमिटेड और आगाज इंफ्रा सल्टी सर्विसेस प्राइवेट लिमिटेड कर दिया। आरोपियों ने निवेशकों को प्रति माह 20% रिटर्न और दो माह में राशि दोगुनी करने का लालच दिया। साथ ही जमीन की खरीद-बिक्री पर 200% कैशबैक और गिफ्ट में कार देने का वादा किया। इस तरह उन्होंने कुल 72 लाख रुपये की धोखाधड़ी की। पुलिस ने इस मामले में पहले कुछ आरोपियों को दिल्ली से गिरफ्तार किया था। अब 5 और आरोपियों को रायपुर से पकड़ा गया है। सभी आरोपियों के खिलाफ छत्तीसगढ़ निक्षेपकों के हितों का संरक्षण अधिनियम 2005 की धारा 10 सहित विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज कर उन्हें न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है। ये हैं गिरफ्तार किए गए पांच आरोपी रायपुर से कुल पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। – शिवकुमार राजपूत (उम्र 53 वर्ष) — निवासी: सरस्वती चौक, पुरानी बस्ती, रायपुर। – गोविंद बाघ (उम्र 45 वर्ष) — निवासी: साईंनाथ कॉलोनी, कोटा शिव हनुमान मंदिर के पास, रायपुर। – श्याम कुमार भोई (उम्र 51 वर्ष) — निवासी: रावतपुरा, भाटागांव, रायपुर। – विजय कुमार शर्मा (उम्र 52 वर्ष) — निवासी: एमडी-69, वीर सावरकर नगर, दुर्ग। – अनिल केशरवानी (उम्र 37 वर्ष) — निवासी: सुपेला, भिलाई।


