छत्तीसगढ़ प्रदेश कांग्रेस कमेटी ने भाजपा के नगरीय निकाय चुनाव घोषणा पत्र को जनता को ठगने का नया दस्तावेज बताया है। कांग्रेस संचार विभाग के अध्यक्ष सुशील आनंद शुक्ला ने राजीव भवन में पत्रकार वार्ता के दौरान कहा कि भाजपा ने विधानसभा चुनाव में ‘मोदी की गारंटी’ के नाम पर जो वादे किए थे, उनमें से 20 में से 17 आज भी अधूरे हैं। अब जब जनता का भरोसा उठ गया, तो नया जुमला ‘अटल विश्वास पत्र’ लाया गया है, लेकिन जनता अब भाजपा के झांसे में नहीं आने वाली। पुराने वादे पूरे नहीं, फिर कैसे करे जनता विश्वास?कांग्रेस ने सवाल उठाया कि जब भाजपा अपने पिछले घोषणा पत्र को पूरा नहीं कर पाई, तो किस नैतिकता से नए वादे कर रही है? 2023 के विधानसभा चुनाव में ‘मोदी की गारंटी’ के नाम पर किए गए 20 वादों में से 17 आज भी अधूरे हैं, जबकि जिन तीन वादों पर कुछ काम हुआ है, वो भी आधे-अधूरे हैं। भाजपा के अधूरे वादे: ‘अटल विश्वास पत्र’ भी जुमला कांग्रेस ने कहा कि भाजपा ने अब अटल बिहारी वाजपेयी के नाम का सहारा लेकर ‘अटल विश्वास पत्र’ जारी किया है, लेकिन यह भी जनता को ठगने का एक और प्रयास है। कांग्रेस ने सवाल किया कि जब भाजपा की सरकार बनने के बाद शहरी विकास ठप हो गया, गोठान बंद कर दिए गए, और सिकल सेल-एनीमिया जैसी गंभीर बीमारियों के लिए बजट में कटौती कर दी गई, तो अब नए वादों पर जनता कैसे भरोसा करे? कांग्रेस ने जनता से अपील की कि वे भाजपा के झूठे वादों के झांसे में न आएं और उनके पिछले कार्यकाल के नाकामियों को ध्यान में रखकर अपना निर्णय लें।


