भोपाल के शासकीय डॉ. कैलाशनाथ काटजू अस्पताल में मरीजों की सुरक्षा से जुड़ा एक आदेश अब विवाद में है। अस्पताल की नोडल ऑफिसर डॉ. रचना दुबे ने नर्सिंग ऑफिसर, आया व वार्ड बॉय को इस्तेमाल हो चुके ग्लव्स दोबारा इस्तेमाल करने के निर्देश दिए हैं। वजह बताई- अस्पताल में सर्जिकल ग्लव्स की भारी कमी। आदेश में साफ कहा गया है कि सर्जिकल ग्लव्स का इस्तेमाल सिर्फ मरीज के आंतरिक परीक्षण के दौरान ही किया जाए। सामान्य कामों में इनका उपयोग करें। डॉ. रचना दुबे, एसीएस संजय दुबे की पत्नी हैं। इधर, मामले में सीएमएचओ डॉ मनीष शर्मा आदेश के बारे में नहीं बता पाए। बोले- इसे चेक करने के बाद ही बता पाऊंगा। एक्सपर्ट- ड्रेसिंग व मरीजों को देखने के लिए जरूरी
मेडिसिन एक्सपर्ट डॉ. सुदीप पाठक बोले- यह आदेश गलत है। हेल्थ केयर वर्कर्स को सिर्फ आंतरिक जांच ही नहीं, बल्कि ड्रेसिंग करने, चर्म रोग से पीड़ित मरीजों को देखने, आईसीयू और कैजुअल्टी में भर्ती मरीजों का इलाज करने के दौरान भी ग्लव्स पहनना अनिवार्य होता है। ऑपरेशन थिएटर से जुड़े कई अन्य कामों में भी ग्लव्स की जरूरत पड़ती है।


