एसआई भर्ती 2021 मामले को लेकर गुरुवार को हाईकोर्ट में सुनवाई होनी है। इसे लेकर सरकार को अपना जवाब पेश करना है। इससे पहले कैबिनेट मंत्री किरोड़ीलाल मीणा ने बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा- सभी ने एसआई भर्ती को रद्द करने की सिफारिश की है। लगता है कि राय मान ली जाएगी। दरअसल, किरोड़ी लाल मीणा बुधवार को आरआईसी में आयोजित पंचायती राज विभाग की बैठक में हिस्सा लेने पहुंचे थे। यहां मीडिया से बातचीत में उन्होंने कहा- क्रिस्टल क्लियर है, एसओजी ने कह दिया, पुलिस मुख्यालय ने कह दिया। अटॉर्नी जनरल (एजी) ने अपनी राय दे दी। कैबिनेट सब कमेटी ने कह दिया, इसका मतलब सरकार की राय है कि पेपर रद्द होना चाहिए। उन्होंने कहा कि मैं तो सरकार का एक छोटा सा अंग हूं। कल क्या जवाब पेश किया जाएगा, यह तो मुख्यमंत्री ही बता सकते हैं। लेकिन, ऐसा लगता है कि बहुसंख्यक सब इंस्पेक्टर अभ्यर्थियों की मांग मान ली जाएगी। व्यस्तता के चलते जवाब पेश नहीं कर पाए होंगे
किरोड़ी लाल मीणा से जब पूछा गया कि हाईकोर्ट ने जवाब पेश करने के लिए दो सप्ताह का समय दिया था, लेकिन 6 हफ्ते बीतने के बाद भी सरकार ने जवाब पेश नहीं किया। इस पर किरोड़ीलाल मीणा ने कहा- सरकार की बहुत व्यस्तता थी। राइजिंग राजस्थान समिट थी। प्रधानमंत्री का 2 बार दौरा था। उससे पहले 7 सीटों पर चुनाव थे। शायद व्यस्तता के कारण जवाब पेश नहीं हो सका होगा। वहीं इस मामले को लेकर कानून मंत्री जोगाराम पटेल ने कहा- कल कोर्ट में जवाब के साथ सरकार का मंतव्य भी सामने आ जाएगा। उन्होंने कहा कि जब मामला न्यायालय में हैं तो इस पर टीका-टिप्पणी करना ठीक नहीं है। जवाब पेश नहीं हुआ तो मानेंगे राय से सहमत
एसआई भर्ती मामले में हाईकोर्ट ने पिछली सुनवाई पर कहा था कि राज्य सरकार दो दिन में अपना स्पष्ट जवाब पेश करें। स्पष्ट जवाब नहीं आने पर माना जाएगा कि सरकार ने पुलिस मुख्यालय, एजी की राय और कैबिनेट सब कमेटी की राय को स्वीकार कर लिया है। इसी आधार पर कोर्ट मामले में निर्णय लेगी। इसके साथ ही कोर्ट ने 13 अगस्त की एसआईटी की राय, 14 सितंबर की एजी की राय और कैबिनेट सब कमेटी की दो बैठकों का पूरा विवरण भी रिकॉर्ड सहित तलब किया है। कोर्ट ने कहा था- इस मामले में कोर्ट ने यथास्थिति बनाए रखने के आदेश दिए थे। ऐसे में अगर कोर्ट के सामने यह आया कि किसी भी तरह से कोर्ट के आदेश की अवमानना हुई है तो संबंधित अधिकारी के खिलाफ कार्रवाई करने के लिए बाध्य होगी। वहीं, अगर इस आदेश से राज्य को किसी भी तरह का वित्तीय नुकसान हुआ। उसकी वसूली भी संबंधित अधिकारी से की जाएगी। सिलेक्ट एसआई की पोस्टिंग पर लगाई थी रोक
राजस्थान हाईकोर्ट ने 18 नवंबर को एसआई भर्ती परीक्षा-2021 में सिलेक्ट एसआई की पोस्टिंग पर रोक लगा दी थी। हाईकोर्ट ने ट्रेनी एसआई की पासिंग आउट परेड पर रोक लगाते हुए पूरे मामले में यथास्थिति बनाए रखने के आदेश दिए थे। आदेश के तहत 2021 की एसआई भर्ती में चयनित एसआई को पोस्टिंग नहीं दी जा सकेगी। जस्टिस समीर जैन की एकलपीठ ने रोक के आदेश दिए थे। सुनवाई से पहले 20 ट्रेनी एसआई निलंबित
हाईकोर्ट में सुनवाई से पहले पुलिस विभाग ने अब तक 20 ट्रेनी एसआई को सस्पेंड कर दिया है। शुक्रवार (3 जनवरी) को जयपुर, उदयपुर रेंज के 11 ट्रेनी एसआई को निलंबित किया गया था। शनिवार को बीकानेर रेंज आईजी ने 8 और अजमेर रेंज आईजी ने 1 ट्रेनी एसआई को निलंबित कर दिया। एसओजी पेपर लीक मामले में अब तक 50 ट्रेनी एसआई को गिरफ्तार कर चुकी है। इनमें से 25 ट्रेनी एसआई जमानत पर बाहर आ चुके हैं। ये खबर भी पढ़ें… हाईकोर्ट ने कहा- एसआई भर्ती पर सरकार जवाब दे:नहीं तो माना जाएगा रद्द करना चाहती है; SIT, AG और कैबिनेट सब कमेटी की रिपोर्ट मांगी एसआई भर्ती 2021 मामले में हाईकोर्ट ने कहा है कि राज्य सरकार दो दिन में अपना स्पष्ट जवाब पेश करे। स्पष्ट जवाब नहीं आने पर माना जाएगा कि सरकार ने पुलिस मुख्यालय, एजी की राय और कैबिनेट सब कमेटी की राय को स्वीकार कर लिया है। वहीं, इसी आधार पर सरकार मामले में निर्णय लेगी। (यहां पढ़ें पूरी खबर)


