किसानों और निर्माणाधीन ईसरदा बांध के विस्तापितों की समस्याओं को लेकर कृषि उपज मंडी में किसानों का धरना शनिवार को पांचवें दिन भी जारी रहा। अभी भी इनकी समस्या का समाधान नहीं हुआ है, इसको लेकर जल्द ही किसान युवा महापंचायत के प्रदेशाध्यक्ष रामेश्वर प्रसाद चौधरी ने समरावता जैसा बड़ा आंदोलन करने क़ी चेतावनी प्रशासन को दी है। उन्होंने कहा है शुक्रवार शाम को टोंक SDM भी धरने पर आए थे किसानों से बात की, लेकिन कोई किसानों की समस्या का समाधान करने के लिए रुचि नहीं ले रहे हैं। इससे पहले इस धरने और समझाइश के लिए DSP भी आए थे, वे भी समझा कर गए, समाधान किसी से नहीं हुआ। रामेश्वर प्रसाद चौधरी ने चेतावनी दी है कि अब किसानों के पास समरावता की तरह बड़ा आंदोलन करने की मजबूरी होगी। पांच दिन से अनिश्चितकालीन धरने पर किसान बैठे हैं। उन्होंने एक वीडियो जारी कर कहा कि शांतिपूर्वक आंदोलन पर सुनवाई नहीं होने पर समरावता जैसे हालत बनते हैं। उन्होंने कहा, जल्द किसानों की मांगे नहीं मानी गईं तो जिले भर में आंदोलन होंगे। किसानों के ट्रैक्टर सड़कों पर होंगे। ये हैं किसानों की मांगे कलेक्टर से चर्चा कर रहा हूं टोंक SDM हुकमी चंद ने बताया कि धरने पर जाकर किसानों की समय सुनी है। उन समस्याओं को लेकर कलेक्टर से चर्चा कर रहा हूं। कुछ मांगे सरकार के स्तर की हैं। उन्हें आगे भेजा जाएगा।


