कोटपूतली-बहरोड़ क्षेत्र में मंगलवार को हुई मावठ के बाद तापमान में लगातार गिरावट दर्ज की जा रही है। पिछले 24 घंटों में क्षेत्र में 6 मिलीमीटर बारिश रिकॉर्ड की गई है। इसके चलते भीषण सर्दी और पाले ने रबी की फसलों पर संकट खड़ा कर दिया है, जिससे किसानों की चिंता बढ़ गई है। पाला जमने से फसल खराब क्षेत्र में लगातार चौथे दिन पाला जमने से सरसों की फसल को सबसे अधिक नुकसान होने की आशंका है। किसानों के अनुसार, पाला गिरने से सरसों की फलियों में दाना जमने की प्रक्रिया रुक जाती है, जिससे उत्पादन में भारी गिरावट हो सकती है। चना, गेहूं और जौ जैसी अन्य रबी फसलें भी प्रभावित होने की संभावना है। पाले और शीतलहर के कारण सामान्य जनजीवन भी प्रभावित हुआ है। सुबह के समय लोग घरों से निकलने से बच रहे हैं, वहीं खेतों में कृषि कार्य लगभग ठप पड़ गया है। मौसम विभाग के अनुसार, अगले कुछ दिनों तक ठंड से राहत मिलने के आसार कम हैं। ऐसे में कृषि विशेषज्ञों ने किसानों को पाले से बचाव के लिए हल्की सिंचाई और धुएं की व्यवस्था जैसे उपाय करने की सलाह दी है, ताकि फसलों को होने वाले संभावित नुकसान को कम किया जा सके।


