कोटा में विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) के ड्राफ्ट प्रकाशन होने के बाद विवाद खड़ा हो गया है। कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि राजनीतिक दबाव में बीएलओ (BLO) वोटर्स के नाम काट रहे हैं। शहर जिलाध्यक्ष राखी गौतम समेत कांग्रेसी नेता गुरुवार को कलेक्ट्रेट पहुंचे। कलेक्टर पीयूष सामरिया को ज्ञापन सौंपा। राखी गौतम ने कहा कि कोटा जिले में स्थित विभिन्न विधानसभा क्षेत्रों के निर्वाचन अधिकारियों की ओर से भाजपा सरकार के दबाव में बीएलओ को अपने ऑफिसों में बुलाकर वोटर्स का बिना भौतिक सत्यापन करवाए नाम कटवाए जा रहे हैं, जो कि निर्धारित नियमों के विरुद्ध है। दबाव बनाकर नाम काटने की कार्यवाही की जा रही
राखी ने बताया- सूचना मिली है कि कोटा शहर के भाजपा नेताओं की ओर से कांग्रेस समर्पित मतदाताओं के नाम काटने के लिए फॉर्म नं 7 भरकर संबंधित विधानसभा क्षेत्रों के निर्वाचन अधिकारियों द्वारा बीएलओ पर दबाव बनाकर नाम काटने की कार्यवाही की जा रही है। ये कार्यवाही तब की जा रही है। जब एसआईआर की अंतिम सूची प्रकाशित हो चुकी है। राखी ने कहा- ऐसी स्थिति में नाम का काटा जाना पूरी एसआईआर प्रक्रिया पर गंभीर सवालिया निशान खड़े करता है। उन्होंने मांग की कि एसआईआर में काटे गए नामों की सूची प्रकाशित होने के बाद निर्वाचन विभाग को प्राप्त फॉर्म नं 7 का विवरण उपलब्ध कराया जाए और कोई भी नाम बिना वेरिफिकेशन और कांग्रेस पार्टी के बीएलए (BLA) बूथ एजेंट को सूचित किए बिना नहीं हटाया जाए। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर प्रशासन ने इस मामले पर ध्यान नहीं दिया तो कांग्रेस कार्यकर्ता सड़कों पर आकर उग्र प्रदर्शन करने को मजबूर होंगे।


