हत्या के केस में गवाह पर जानलेवा हमला करने के करीब साढ़े 11 साल पुराने मामले में जिला एवं सेशन न्यायाधीश ने 5 दोषियों को सजा सुनाई है। कोर्ट ने बनवारी उर्फ बंटी, रमेश उर्फ राकेश ओर सह आरोपी टिंकू उर्फ जितेंद्र, बबलू उर्फ अरविंद, सुरेश उर्फ लीलू को 7-7 साल कठोर कारावास की सजा सुनाई। कोर्ट ने बनवारी व राकेश को 10,700-10700 और अन्य अभियुक्तों को 9200-9200 अर्थदंड से दंडित किया है। लोक अभियोजक मनोज पुरी ने बताया- घटना सितंबर 2014 की अयाना थाना क्षेत्र की है। फरियादी बच्छराज अपने बेटे को अयाना स्कूल में छोड़कर बाइक से वापस प्रेमपूरा आ रहा था। तभी श्याम सरपंच के घर के पास रमेश, बनवारी, गिरिराज, बद्रीलाल,सुरेश, बबलू, टिंकू सहित अन्य घेर लिया। टिंकू, बनवारी, सुरेश के पास रिवाल्वर थी। बनवारी के पास पिस्टल थी। उन्होंन जान से मारने की नियत से गोलिया चलाई। गोली फरियादी के जांघ व छाती में लगी। गांव में कुछ समय पहले जमीन विवाद में हत्या हुई थी। फरियादी बच्छराज हत्या के केस में गवाह था। फरियादी की शिकायत पर पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू की। आरोपियों को गिरफ्तार कर इटावा कोर्ट में चालान पेश किया। वहां से सुनवाई के लिए कोटा कोर्ट में ट्रांसफर हुआ। कोर्ट में 20 गवाहों के बयान करवाए, करीब 10 दस्तावेज पेश किए।


