सवाई माधोपुर की खंडार पंचायत समिति में कर्मचारियों के नियम विरुद्ध तबादले किए जाने का मामला सामने आया है। यहां प्रोवीजनल पीरियड के दौरान ही कई कर्मचारियों का स्थानांतरण विकास अधिकारी खंडार ने कर दिए। मामला जिला प्रमुख सुदामा देवी मीणा के संज्ञान में आने के बाद उन्होंने इस पर मुख्य कार्यकारी अधिकारी को कार्रवाई करने को कहा। जिस पर मुख्य कार्यकारी अधिकारी ने ऐसे कर्मचारी का तुरंत स्थानांतरण रद्द कर पूरे मामले की रिपोर्ट खंडार एवं अन्य विकास अधिकारियों से मांगी हैं। यह है पूरा मामला जानकारी के अनुसार 15 जनवरी को खंडार पंचायत समिति की ओर से प्रशासन और स्थाई समिति की बैठक का हवाला देते हुए करीब 14 ग्राम विकास अधिकारी एवं अन्य लोगों का स्थानांतरण कर दिया था। इनमें से करीब सात कर्मचारी ऐसे हैं जो प्रोवीजनल पीरियड में है। ऐसे में इनका एक बार स्थानांतरण होने के बाद इस अवधि में दोबारा स्थानांतरण नियमानुसार नहीं हो सकता। इसके बावजूद भी इनका स्थानांनता होने पर काफी शिकायत के मामले सामने आए थे। जिसे लेकर जिला प्रमुख सुदामा मीणा ने संज्ञान लेते हुए मुख्य कार्यकारी अधिकारी को इस मामले में कार्रवाई करने के निर्देश दिए थे। जिस पर मुख्य कार्यकारी अधिकारी ने समस्त पंचायत समिति के विकास अधिकारियों को नोटिस जारी करते हुए कहा कि ऐसे कई मामले सामने आए हैं। जिनका नियम विरोध स्थानांतरण किया है। ऐसे में उनका स्थानांतरण तुरंत प्रभाव से निरस्त किया जाता है। साथ ही उन्होंने सभी विकास अधिकारियों को इस मामले में रिपोर्ट भेजने के निर्देश दिए हैं। जिसमें सबसे ज्यादा मामले खंडार पंचायत समिति के हैं।


