खरगोन मंडी में कपास में 12% से अधिक नमी के कारण भारतीय कपास निगम (सीसीआई) की खरीदी शुरू नहीं हो पा रही है। सीसीआई अधिकारियों ने गुणवत्ता जांच के बाद कपास में अधिक नमी पाई है। खरगोन केंद्र के सीसीआई खरीदी अधिकारी गणेश धसकट ने बताया कि फिलहाल कपास में नमी का स्तर निर्धारित 12% पैरामीटर से अधिक है। वर्तमान में कपास में 25% तक नमी पाई जा रही है, जबकि समर्थन मूल्य पर खरीदी के लिए 8 से 12% तक नमी ही मान्य है। नमी और गुणवत्ता की जांच के बाद ही खरीदी संभव हो पाएगी। धसकट ने स्पष्ट किया कि सीसीआई केवल 12% तक नमी वाले कपास की ही खरीदी करेगी। जिले में अब तक 25 हजार किसानों ने कपास बेचने के लिए पंजीयन कराया है। अधिक से अधिक किसानों को लाभ मिल सके, इसके लिए पंजीयन की अंतिम तिथि 31 अक्टूबर तक बढ़ा दी गई है। भारत सरकार ने इस वर्ष कपास का समर्थन मूल्य 8 हजार 110 रुपए प्रति क्विंटल निर्धारित किया है। इस वर्ष जिले में 1.94 लाख हेक्टेयर क्षेत्र में कपास की फसल लगाई गई है। पिछले साल नवंबर से सीसीआई ने जिले में खरीदी शुरू की थी, जिसमें कुल 3 लाख क्विंटल कपास खरीदा गया था।


