भास्कर न्यूज|गुमला लोक शांति, विधि-व्यवस्था एवं शांतिपूर्ण, निष्पक्ष निर्वाचन संपन्न कराने के उद्देश्य से अनुमंडल दंडाधिकारी राजीव नीरज ने भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता, 2023 की धारा–163 (पूर्व की दंड प्रक्रिया संहिता, 1973 की धारा–144) के तहत प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए मतगणना समाप्ति की तिथि 27 फरवरी तक संपूर्ण गुमला नगर परिषद क्षेत्र में निषेधाज्ञा लागू की गई है। नगर निकाय चुनाव में मत प्राप्ति के लिए धार्मिक, साम्प्रदायिक अथवा जातीय भावनाओं का सहारा नहीं लिया जाएगा। किसी भी उम्मीदवार अथवा राजनीतिक दल द्वारा मंदिर, मस्जिद, गिरजाघर, गुरुद्वारा अथवा अन्य पूजा स्थलों का उपयोग निर्वाचन प्रचार के िलए नहीं किया जाएगा। किसी उम्मीदवार के व्यक्तिगत जीवन के ऐसे पहलुओं की आलोचना नहीं की जाएगी जिनका सत्यता से कोई संबंध स्थापित न हो। किसी उम्मीदवार की आलोचना केवल उसके पूर्व सार्वजनिक कार्यों तक ही सीमित रहेगी तथा असत्यापित आरोपों पर आधारित नहीं होगी। प्रत्येक व्यक्ति के शांतिपूर्ण घरेलू जीवन के अधिकार का सम्मान किया जाएगा। किसी व्यक्ति के विचारों या कार्यों का विरोध करने के िलए उसके आवास के समक्ष धरना, प्रदर्शन या नारेबाजी करना वर्जित रहेगा। राजनीतिक दलों व उम्मीदवारों को ऐसे सभी कार्यों से परहेज करना होगा जिससे आदर्श आचार संहिता का उल्लंघन होता हो। ऐसा कोई भी पोस्टर, पम्पलेट, विज्ञापन या परिपत्र जिसमें मुद्रक एवं प्रकाशक का नाम व पता अंकित नहीं हो, लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम की धारा 124 (ए) का उल्लंघन माना जाएगा। किसी उम्मीदवार की चुनावी संभावना को प्रभावित करने के उद्देश्य से उसके व्यक्तिगत आचरण, चरित्र अथवा उम्मीदवारी से संबंधित कोई भी मिथ्या अथवा अप्रमाणित समाचार प्रकाशित अथवा प्रसारित करना वर्जित रहेगा। किसी चुनाव सभा में गड़बड़ी करना या विघ्न डालना आदर्श आचार संहिता का उल्लंघन माना जाएगा। मतदान के दिन एवं मतदान समाप्ति से पूर्व 48 घंटे की अवधि में किसी भी प्रकार की सार्वजनिक सभा आयोजित करना प्रतिबंधित रहेगा।मतदाताओं को रिश्वत देना अथवा किसी प्रकार का पारितोषिक देना आदर्श आचार संहिता का उल्लंघन माना जाएगा।
लोहरदगा|जिले के नगर क्षेत्र में नगर निकाय चुनाव की घोषणा के साथ ही राजनीतिक सरगर्मियां तेज हो गई हैं। प्रत्याशी चयन को लेकर जहां विभिन्न दलों में मंथन और रणनीतिक कवायद चल रही है, वहीं धीरे धीरे राजनीतिक दलों के समर्थन में अध्यक्ष पद के उम्मीदवारों के चेहरे साफ होने लगे है। 23 वार्डो में नगर के जनप्रतिनिधियों के चुनाव को लेकर तरह तरह की चर्चाएं तेज होने लगी है। इसी बीच अबतक अध्यक्ष पद के लिए 12 लोगों ने पर्चा खरीद लिया गया। 2018 में नप का पिछला चुनाव हुआ था। जिसके बाद आज सात वर्षों में स्थिति काफी बदल गई है। 2026 में 43070 मतदाता है। जिनके द्वारा नप क्षेत्र के 23 वार्डो में वार्ड पार्षद और अध्यक्ष का चुनाव किया जाएगा। इधर संभावित उम्मीदवारों के साथ मतदाता भी नप चुनाव को लेकर चौपालों में दिखने लगे है। शनिवार को तीसरे दिन नाम निर्देशन का कार्य चला। नगर परिषद के अध्यक्ष व वार्ड पार्षद पदों के लिए नामांकन का तीसरा दिन रहा। जिसमें अध्यक्ष पद के लिए 01, वार्ड 1-6 तक के लिए 2, वार्ड 7-12 के लिए 4, वार्ड 13-18 के लिए 5 और वार्ड 19-23 के लिए 03 लोगों ने पर्चा खरीदा। वही एकमात्र वार्ड नंबर 2 से फरजाना परवीन और वार्ड नंबर 4 से नीना कुशवाहा ने वार्ड पार्षद पद के लिए नामांकन दर्ज किया। बताया गया नगर परिषद अध्यक्ष के एक पद और 23 वार्ड पार्षद पदों के लिए नाम निर्देशन की प्रक्रिय 04 फरवरी 2026 के दोपहर 3 बजे तक चलेगी। मतदान के दो दिन पूर्व से लेकर मतदान के दिन तक किसी भी उम्मीदवार द्वारा शराब अथवा अन्य नशीले पदार्थों की खरीद, वितरण या परोसने पर पूर्ण प्रतिबंध रहेगा तथा उम्मीदवारों द्वारा अपने कार्यकर्ताओं को भी इससे रोकना अनिवार्य होगा। किसी भी उम्मीदवार द्वारा किसी व्यक्ति की भूमि, भवन, अहाता या दीवार का उपयोग झंडा लगाने, पोस्टर चिपकाने या नारा लेखन हेतु उसकी लिखित अनुमति के बिना नहीं किया जाएगा। किसी उम्मीदवार के पक्ष में लगाए गए झंडे अथवा पोस्टर अन्य उम्मीदवारों के समर्थकों द्वारा नहीं हटाए जाएंगे। हाट, बाजार या भीड़-भाड़ वाले सार्वजनिक स्थलों पर चुनाव सभा आयोजित करने हेतु सक्षम प्राधिकारी से पूर्व अनुमति लेना अनिवार्य होगा तथा स्थानीय थाना को पूर्व सूचना दी जाएगी। प्रत्येक उम्मीदवार को अपने कार्यकर्ताओं एवं समर्थकों को किसी अन्य उम्मीदवार की सभा, जुलूस या प्रचार गतिविधि में बाधा उत्पन्न करने से रोकना होगा। पास-पास आयोजित सभाओं में ध्वनि विस्तारक यंत्रों की दिशा विपरीत रखी जाएगी। किसी उम्मीदवार के समर्थन में निकाले जाने वाले जुलूस प्रतिबंधित क्षेत्रों से नहीं गुजरेंगे। जुलूस के मार्ग, समय एवं समापन की सूचना कम से कम एक दिन पूर्व स्थानीय थाना को दी जाएगी तथा यह सुनिश्चित किया जाएगा कि यातायात बाधित न हो एवं प्रतिबंधित वस्तुएं साथ न ले जाई जाएँ। यह आदेश तत्काल प्रभाव से लागू रहेगा। आम नागरिकों, राजनीतिक दलों, प्रत्याशियों एवं उनके समर्थकों से आदर्श आचार संहिता का पूर्णतः पालन करते हुए शांतिपूर्ण, निष्पक्ष एवं भयमुक्त निर्वाचन प्रक्रिया में सहयोग करने की अपील की जाती है। गुमला|पीडीजे ध्रुव चंद्र मिश्र के मार्गदर्शन में शनिवार को पारा लीगल वॉलंटियर्स के लिए एक दिवसीय क्षमता निर्माण एवं प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य पीएलवियों को विधिक सेवाओं, कानूनी अधिकारों एवं जन सहायता से संबंधित विषयों पर अद्यतन जानकारी एवं प्रशिक्षण प्रदान करना था ताकि वे समाज के जरूरतमंद एवं वंचित लोगों को प्रभावि विधिक सहायता उपलब्ध करा सकें। इस अवसर पर नालसा द्वारा चलाए जा रहे विभिन्न योजनाओं जैसे बाल विवाह मुक्त भारत, नालसा वीर परिवार योजना, जीवन को हां कहें नशे को ना कहें अभियान, आगामी राष्ट्रीय लोक अदालत, मध्यस्थ राष्ट्र के लिए 2.0 जैसे अभियान में पीएलवी के योगदान एवं भूमिका पर चर्चा की गई। इस अवसर पर सचिव रामकुमार लाल गुप्ता ने अपने संदेश में पीएलवी के भूमिका को अत्यंत महत्वपूर्ण बताते हुए कहा कि पीएलवी न्याय तक पहुंच सुनिश्चित करने की कड़ी है। उन्होंने पीएलवी को निष्ठा एवं संवेदनशीलता के साथ कार्य करते हुए विधिक जागरूकता फैलाने और जरूरतमंद लोगों को योजनाओं का लाभ दिलाने हेतु प्रेरित किया। उन्होंने सभी पीएलवी को समाज के अंतिम व्यक्ति तक न्याय पहुंचने में मदद करने की अपील की। स्थाई लोक अदालत के सदस्य शंभू सिंह ने कहा कि पीएलवियों के कर्तव्य लोक अदालत, विधिक सहायता योजनाओं तथा महिला एवं बाल अधिकार तथा सरकारी कल्याणकारी योजनाओं के बारे में विस्तृत रूप से जानकारी दी उन्होंने कहा कि पीएलवी जमीनी स्तर पर विधिक सेवा प्राधिकार के पहचान हैं और उनके माध्यम से ही आम जनता तक न्याय सुलभ हो पता है। एलएडीसी जितेंद्र सिंह ने कहा की पीएलवी अपने क्षेत्र में जागरूकता अभियान चलानें के साथ-साथ यह भी सुनिश्चित करें कि अगर कोई व्यक्ति किसी अपराध के आरोप में जेल चला जाता है, तो उसके परिजन की स्थिति-परेशानी की सूचना झालसा को दें।


