भाई मंझ सिंह गुरुद्वारा साहिब के पास ट्रैक्टर ट्राली में अधजला रूमाला साहिब मिला। जिसके बाद गुरुद्वारा साहिब के सेवकों ने चालक को पकड़कर पुलिस को सूचित किया। सूचना मिलने के बाद एसीपी साऊथ प्रवेश चोपड़ा ने मौके पहुुंचकर युवक से पूछताछ की। जिसके बाद सामने आया कि यह रूमाला साहिब युवक ने कहीं से उठाया था। हालांकि पुलिस और गुरुद्वारा साहिब प्रबंधक की ओर से सम्मान के साथ रूमाला साहिब का संस्कार किया गया। युवक से माफीनामा लेकर उसे छोड़ दिया गया। एसीपी प्रवेश चोपड़ा ने बताया कि युवक से पूछताछ में पता चला कि 13 जनवरी लोहड़ी वाली रात थाना बी-डिवीजन के क्षेत्र में स्थित एक रूमाला साहिब की दुकान में आग लग गई थी। इस दौरान दो लोगों की मौत भी हुई थी। इसी घटना में रूमाला साहिब आधे जल गए थे। युवक रूमाला साहिब को लेकर जा रहा था। यह रूमाला साहिब अभी महाराजा के अंग के साथ छूह नहीं हुए थे। पूछताछ के दौरान युवक ने स्वीकार किया कि उसे रूमाला साहिब का पूरे सम्मान के साथ संस्कार करना चाहिए था। इसके बाद गुरुद्वारा साहिब के प्रबंधकों की उपस्थिति में मर्यादा के अनुसार रूमाला साहिब का संस्कार किया गया। पुलिस और गुरुद्वारा कमेटी ने जांच के बाद पाया कि इसमें बेअदबी जैसी कोई मंशा नहीं थी। अंत में युवक से लिखित माफीनामा लेकर उसे छोड़ दिया गया।


