मध्य प्रदेश में कोहरा, बारिश और सर्दी का दौर जारी है। शनिवार सुबह ग्वालियर, रीवा और दतिया में घना कोहरा रहा। रीवा में विजिबिलिटी सबसे कम रही। सतना, भोपाल, उज्जैन, श्योपुर, शाजापुर, सीहोर, रायसेन, विदिशा, देवास, रतलाम, राजगढ़, नर्मदापुरम, धार, गुना, दमोह, जबलपुर, खजुराहो, मंडला, नरसिंहपुर, बालाघाट समेत 20 से ज्यादा जिलों में मध्यम कोहरा देखा गया। इधर रात के तापमान में बढ़ोतरी हुई है। वहीं दिन में सर्दी का असर बढ़ा है। बड़े शहरों में तापमान 10 डिग्री से ज्यादा रहा। छतरपुर का खजुराहो सबसे ठंडा रहा। यहां न्यूनतम तापमान 6 डिग्री दर्ज किया गया। पचमढ़ी-दतिया में 7.8 डिग्री, उमरिया में 7.9 डिग्री, रायसेन में 8.2 डिग्री, सतना में 8.6 डिग्री, मंडला में 8.9 डिग्री, शिवपुरी में 9 डिग्री, दमोह में 9.5 डिग्री, नौगांव में 9.6 डिग्री, मलाजखंड में 9.7 डिग्री और सीधी में तापमान 9.8 डिग्री सेल्सियस रहा। मौसम विभाग ने अगले कुछ घंटों के दौरान गुना, शाजापुर समेत 8 जिलों में आंधी, बारिश और गरज चमक होने का अलर्ट जारी किया है। शाजापुर में तो हल्की बारिश का दौर शुरू भी हो गया है। इंदौर में भी बूंदाबांदी हुई। मौसम विभाग के अनुसार, नर्मदापुरम, पचमढ़ी, विदिशा, राजगढ़, शाजापुर में बिजली चमकने के साथ तेज हवा चलने और दोपहर में गुना, राजगढ़, सागर, रायसेन के सांची में हल्की बारिश होने की संभावना है। देखिए तस्वीरें अगले 3 दिन ऐसा रहेगा मौसम 1 फरवरी- ग्वालियर, श्योपुर, मुरैना, भिंड, दतिया, शिवपुरी, गुना, अशोकनगर, निवाड़ी, टीकमगढ़ और छतरपुर में गरज-चमक और बारिश का अलर्ट है। 2 फरवरी- नीमच, मंदसौर, श्योपुर, मुरैना, भिंड, दतिया, ग्वालियर, शिवपुरी, गुना, अशोकनगर, निवाड़ी, टीकमगढ़ और छतरपुर में बारिश हो सकती है। 3 फरवरी- ग्वालियर, गुना, शिवपुरी, श्योपुर, मुरैना, भिंड, दतिया, निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर, पन्ना, सतना और रीवा में बारिश का अलर्ट है। गरज-चमक और आंधी का दौर भी बना रहेगा। MP के 5 बड़े शहरों में जनवरी में ऐसा रहा सर्दी का ट्रेंड… भोपाल में 0.6 डिग्री पहुंच चुका टेम्परेचर
भोपाल में जनवरी में कड़ाके की ठंड पड़ती है। वहीं, दिन में गर्मी का एहसास और बारिश का ट्रेंड भी है। 18 जनवरी 1935 को रात का टेम्परेचर रिकॉर्ड 0.6 डिग्री सेल्सियस रहा था। वहीं, 26 जनवरी 2009 को दिन में तापमान 33 डिग्री दर्ज किया गया था। पिछले 10 में से 7 साल बारिश हो चुकी है। 24 घंटे में सबसे ज्यादा 2 इंच बारिश 6 जनवरी 2004 को हुई थी। वहीं, सर्वाधिक मासिक 3.8 इंच बारिश जनवरी 1948 में हुई थी। इंदौर में माइनस 1.1 डिग्री पहुंच चुका पारा
इंदौर में जनवरी में सर्दी का रिकॉर्ड माइनस में पहुंच चुका है। 16 जनवरी 1935 में पारा माइनस 1.1 डिग्री दर्ज किया था। यह ओवरऑल रिकॉर्ड है। वहीं, 27 जनवरी 1990 को दिन का तापमान 33.9 डिग्री रहा था। 24 घंटे में सर्वाधिक बारिश होने का रिकॉर्ड 6 जनवरी 1920 के नाम है। इस दिन 3 इंच से ज्यादा पानी गिरा था। वहीं, वर्ष 1920 में सर्वाधिक मासिक बारिश 4 इंच दर्ज की गई थी। जबलपुर में 1946 में रिकॉर्ड 1.1 डिग्री रहा था पारा
जबलपुर में भी जनवरी में ठंड-बारिश का ट्रेंड है। इस महीने सबसे ज्यादा ठंड पड़ती है। 7 जनवरी 1946 को रात का पारा रिकॉर्ड 1.1 डिग्री सेल्सियस पहुंच गया था। वहीं, दिन का उच्चतम तापमान 33.4 डिग्री 7 जनवरी 1973 को रहा था। इस महीने बारिश भी होती है। 24 घंटे में सर्वाधिक बारिश 24 जनवरी 1919 को 2.5 इंच हुई थी। इसी साल पूरे महीने 8 इंच से ज्यादा पानी गिरा था। उत्तरी हवा आने से ग्वालियर सबसे ठंडा
उत्तरी हवाओं की वजह से प्रदेश का ग्वालियर-चंबल सबसे ठंडा रहता है। जनवरी में यहां कड़ाके की ठंड का ट्रेंड है। पिछले 10 साल का रिकॉर्ड देखें तो 2018 में तापमान 1.9 डिग्री और 2019 में 2.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया था। 24 जनवरी 1954 को रात का तापमान माइनस 1.1 डिग्री रहा था। ग्वालियर में जनवरी में बारिश भी होती है। साल 2014 से 2024 के बीच 9 साल बारिश हो चुकी है। 24 घंटे में सर्वाधिक बारिश का रिकॉर्ड 8 जनवरी 1926 को है। इस दिन 2.1 इंच पानी गिरा था। वहीं, 1948 को कुल मासिक बारिश 3.1 इंच हुई थी। उज्जैन में जीरो डिग्री रह चुका पारा
उज्जैन में भी उत्तरी हवा का असर रहता है। इस वजह से यहां कड़ाके की ठंड पड़ती है। 22 जनवरी 1962 को पारा 0 डिग्री सेल्सियस रहा था। पिछले 10 साल में टेम्परेचर 2 से 5.8 डिग्री सेल्सियस तक रह चुका है। 24 घंटे में सर्वाधिक बारिश होने का रिकॉर्ड 11 जनवरी 1987 के नाम है। इस दिन सवा इंच पानी गिरा था। वहीं, सर्वाधिक कुल मासिक 2.2 इंच 1994 को हुई थी। लाइव ब्लॉग के मिनट टु मिनट अपडेट के लिए यहां से गुजर जाइए…


