छत्तीसगढ़ के चिरमिरी नगर निगम में इस बार बजट सत्र को लेकर बड़ा विवाद खड़ा हो गया। नगर निगम प्रशासन धारा 97 और 98 का पालन करने में पूरी तरह विफल रहा, जिससे सामान्य सभा में बजट प्रस्तुत नहीं किया जा सका। आंतरिक गुटबाजी और खींचतान के चलते मार्च महीने में होने वाला बजट सत्र आयोजित नहीं हो पाया। जल्दबाजी में महापौर परिषद में मात्र एक पन्ने का बजट पेश कर दिया गया, जिससे पारदर्शिता को लेकर सवाल खड़े हो रहे हैं। आशंका जताई जा रही है कि यह पुराने कामों के बिल पास कराने का षड्यंत्र हो सकता है। जनप्रतिनिधियों ने इस पर कड़ा विरोध जताया है और जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्रवाई की मांग उठाई है। मनेंद्रगढ़ में 72 ग्राम पंचायतों के नए सरपंचों को प्रशिक्षण इधर, मनेंद्रगढ़ जनपद पंचायत में 72 ग्राम पंचायतों के नवनिर्वाचित सरपंचों के लिए एक दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया। कलेक्टर डी. राहुल वेंकट के निर्देश पर आयोजित इस कार्यक्रम में पंचायत संचालन, वित्तीय प्रबंधन और विकास योजनाओं की जानकारी दी गई। प्रशिक्षण में प्रधानमंत्री आवास योजना, मनरेगा और जल जीवन मिशन जैसी योजनाओं के बारे में भी बताया गया। कार्यक्रम के दौरान सरपंचों को ग्राम पंचायतों के कुशल संचालन और बजट प्रबंधन के गुर सिखाए गए। स्वच्छता में नंबर वन बनेगा चनवारीडांड वहीं, ग्राम पंचायत चनवारीडांड में स्वच्छता को लेकर नई पहल की गई। सरपंच सोनू सिंह उरांव के नेतृत्व में ग्रामीणों ने सामुदायिक तालाब की सफाई के लिए श्रमदान किया। इस पहल को ओडीएफ प्लस मॉडल ग्राम पंचायत प्रशिक्षण से प्रेरणा मिली है। स्वच्छ भारत मिशन के तहत जल्द ही गांव में डोर-टू-डोर कचरा संग्रहण की शुरुआत की जाएगी, जिससे स्व-सहायता समूह की महिलाओं को रोजगार भी मिलेगा। इसके अलावा, गांव के सार्वजनिक स्थलों पर भी स्वच्छता अभियान चलाया जाएगा। इस अभियान में स्वच्छ भारत मिशन के समन्वयकों समेत कई जनप्रतिनिधि और ग्रामीण शामिल हुए।


