टीकमगढ़ नगर पालिका में अध्यक्ष अब्दुल गफ्फार और सीएमओ ओमपाल सिंह भदोरिया के बीच विवाद लगातार बढ़ता जा रहा है। हाल ही में, अध्यक्ष ने पेवर्स के निरीक्षण के दौरान ठेकों में अधिकारियों की 50-50 पार्टनरशिप का आरोप लगाया था। सीएमओ ने ई-टेंडर प्रक्रिया का हवाला देते हुए इन आरोपों को खारिज कर दिया था। अब अध्यक्ष ने एक बार फिर सीएमओ पर पलटवार किया है। सीएमओ पर ‘हिटलर शाही’ का आरोप बुधवार को अध्यक्ष अब्दुल गफ्फार ने सीएमओ पर ‘हिटलर शाही’ का आरोप लगाते हुए कहा कि शहर में भाजपा नेताओं के अतिक्रमण नहीं हटाए जा रहे हैं, जबकि छोटे दुकानदारों की गुमटियां और ठेले जेसीबी से तोड़ दिए गए। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि सीएमओ 181 सीएम हेल्पलाइन की शिकायतों में लोगों को धमका रहे हैं। अध्यक्ष के अनुसार, शिकायतकर्ताओं के घरों पर मैला फिकवाने की धमकी देकर शिकायतें जबरन बंद करवाई जा रही हैं, जबकि समस्याओं का समाधान नहीं हो रहा है। पेवर्स की गुणवत्ता को लेकर शुरू हुआ था विवाद यह विवाद सड़क किनारे बिछाए जा रहे पेवर्स की गुणवत्ता को लेकर शुरू हुआ था। अध्यक्ष ने ठेकेदार को काम बंद करने के निर्देश दिए थे, जिसके बाद यह मामला और बढ़ गया। सीएमओ ने आरोपों को झूठा बताया सीएमओ ओमपाल सिंह भदोरिया ने अध्यक्ष के आरोपों को पूरी तरह गलत बताया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि शहर के सभी निर्माण कार्य ई-टेंडर प्रक्रिया के तहत जारी किए जाते हैं, जिससे चहेतों को काम देने का सवाल ही नहीं उठता। सीएमओ ने कहा कि ई-टेंडर पर सवाल उठाना सरकार की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाने जैसा है। उन्होंने यह भी बताया कि उनके कार्यकाल से पहले कई काम सिंगल ठेकेदार को 6 प्रतिशत अधिक दर पर स्वीकृत हुए थे। अध्यक्ष बोले- मेरा काम सीएमओ कर रहे हालांकि, अध्यक्ष अब्दुल गफ्फार का आरोप है कि नगर पालिका में कई निर्माण कार्य ऐसे हो रहे हैं जिनकी उन्हें कोई जानकारी नहीं दी जा रही है। उनके मुताबिक, 5 लाख रुपए से कम राशि के काम सीएमओ अपने स्तर पर चहेते लोगों को दे रहे हैं और उनका भुगतान भी स्वयं ही कर रहे हैं, क्योंकि इन फाइलों को उनके पास नहीं भेजा जाता।


