तांत्रिक विद्या से सेरीब्रल पाल्सी ठीक करने के बहाने ठगों ने महिला से 20 लाख रुपए ऐंठ लिए। खुद को सिद्धहस्त और चमत्कारी बता कर मंत्रों से ही महिला के बेटे को पैरों पर खड़ा कर देने दावा किया। महिला को ठगी का एहसास होने पर उसे तंत्र विद्या से भस्म करने की धमकी भी दी। पुलिस ने मामले में 3 आरोपियों को पकड़ा है। मामला जयपुर के वैशाली नगर थाने का है। डीसीपी वेस्ट अमित कुमार ने बताया- संतोष देवी की रिपोर्ट पर नरेन्द्र कुमार शर्मा (50) पुत्र रामजीलाल शर्मा निवासी आगरा रोड (जयपुर), सुदर्शन जैन (58) पुत्र प्रकाश सिंह छाजेड निवासी मोतीडूंगरी (जयपुर) और राजेश शर्मा (46) पुत्र सूरज मल शर्मा गांधी पथ, क्वींन्स रोड (जयपुर) को गिरफ्तार किया है। खुद को चमत्कारी बताता था आरोपी डीसीपी अमित कुमार ने बताया कि संतोष देवी ने वैशाली नगर थाने में रिपोर्ट देकर बताया था कि उनका बेटा अशोक कुमार (26) सेरीब्रल पाल्सी नामक बीमारी से ग्रस्त है। इस बीमारी के कारण वह ढंग से चल नहीं पाता है। ऐसे में, आरोपी नरेन्द्र शर्मा ने अपने आप को सिद्धहस्त और चमत्कारी बताते हुए बेटे को ठीक करने का दावा किया था। नरेंद्र ने दावा किया था कि वह पूजा-पाठ और मंत्रोच्चार से बेटे (अशोक) को ठीक कर देगा, वह अपने पैरों से चल पाएगा। क्रिया और पाठ के नाम पर 10-12 लाख ऐंठे थाने में दी रिपोर्ट में संतोष देवी ने बताया- पूजा पाठ के नाम पर नरेंद्र ने 2022 और 2023 में करीब 10-12 लाख रुपए कैश और ऑनलाइन ले लिए। आरोपियों ने इन्हीं रुपयों से करीब 2 लाख रुपए कीमत के महंगे मोबाइल फोन और एक डेल कंपनी का लैपटॉप भी ले लिया। बेटे के ठीक नहीं होने पर नरेंद्र शर्मा ने अलग-अलग पूजा-पाठ और विधियां बताई। इसके लिए लगातार रुपयों की डिमांड करने लगा। इसके बाद संतोष देवी को समझ आया कि यह ठगी कर रहा है। इसके बाद उन्होंने थाने में रिपोर्ट दी। भैरू पूजा, श्मशान की राख डलवाने का दावा करता था DCP अमित कुमार ने बताया कि इसके बाद जांच एसीपी सदर धर्मवीर सिंह को सौंपी गई। जांच में सामने आया कि नरेन्द्र स्वयं को तांत्रिक विद्या में महारत होने का झांसा देकर लाइलाज बीमारियों को तंत्र विद्या से ठीक करने का दावा करता है। जांच में सामने आया कि नरेंद्र के गिरोह में राजेश शर्मा और सुदर्शन जैन भी हैं। संतोष देवी के बेटे अशोक को ठीक करने के लिए भैरू पूजा, श्मशान की राख डलवाने और अन्य क्रियाओं के नाम पर लाखों रुपए ऐंठे हैं। जांच में सामने आया कि नरेंद्र के गिरोह में राजेश शर्मा, दिनकर अग्रवाल, प्रेरणा अग्रवाल और सुदर्शन जैन भी हैं। जिनके खातों में ठगी की रकम ऑनलाइन डलवाई गई है। पीड़ितों से लिए मोबाइल यूज कर रहे थे आरोपी नरेंद्र संतोष देवी से इलाज के नाम पर लैपटॉप, मोबाइल, स्मार्ट वॉच, ईयर बड व अन्य इलेक्ट्रॉनिक सामान भी लिया। जांच के दौरान आरोपी ने तांत्रिक विद्या से भस्म कर देने की धमकियां दी और झूठी जानकारी पुलिस को उपलब्ध करवाई। नरेंद्र ने पूछताछ के दौरान किसी भी प्रकार के फोन और अन्य इलेक्ट्रॉनिक सामान के लेनदेन से मना कर दिया था। लेकिन, संतोष देवी के बेटे अशोक ने मोबाइल के बिल पुलिस को दिए थे। बिलों के आधार पर आईएमईआई नंबरों को ट्रेस करवाया गया तो मोबाईल राजेश शर्मा, नरेंद्र शर्मा, ममता शर्मा, दिनकर अग्रवाल और प्रेरणा अग्रवाल यूज कर रहे थे। इसके बाद आरोपियों को गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश किया गया। बदमाशों से इलेक्ट्रॉनिक उपकरण और पैसे की रिकवरी के लिए रिमांड पर लिया गया है।


