जयपुर में संक्रांति पर पतंगबाजी के लिए कैसी रहेगी हवा?:4 घंटे पतंग उड़ाने पर रहेगी रोक, आसमान बिल्कुल साफ रहने की संभावना

जयपुर में मकर संक्रांति पर लोग जमकर पतंगबाजी का आनंद लेते हैं। जयपुर में इस बार 14 जनवरी को मकर संक्रांति पर हवा पतंगबाजी के लिए अनुकूल रहेगी। हवा की स्पीड भी सामान्य (5 से 10 किलोमीटर प्रतिघंटा) रहने की संभावना है। इस दौरान हवा की दिशा ज्यादातर दक्षिण से पूर्व और पश्चिमी से पूर्व की ओर रहने के आसार हैं। हालांकि जयपुर में दिन में चार घंटे पतंगबाजी पर रोक रहेगी। मौसम विज्ञान केंद्र जयपुर के फोरकास्ट के अनुसार, जयपुर में 14 जनवरी को सुबह से आसमान बिल्कुल साफ रह सकता है। कोहरा बिल्कुल नहीं होगा। दिन में धूप भी अच्छी निकलेगी। सर्दी भी कम रहेगी, जिससे मौसम पतंगबाजी के अनुकूल रहेगा। इस दौरान जयपुर में अधिकतम तापमान 22 से 23 डिग्री सेल्सियस रहने की संभावना है। वहीं, न्यूनतम तापमान 8 से 10 डिग्री सेल्सियस के बीच दर्ज हो सकता है। हॉस्पिटल में रहेगी विशेष व्यवस्था
संक्रांति पर मांझे से कटने, पतंग लूटने या उड़ाने के दौरान छत से गिरने या अन्य कारणों से घायल होने वाले लोगों के इलाज के लिए एसएमएस हॉस्पिटल में विशेष व्यवस्था की है। ट्रॉमा सेंटर में राउंड द क्लॉक डॉक्टर की ड्यूटी लगाई गई है। इसमें न्यूरोसर्जरी और ऑर्थोपेडिक्स विभाग के अलावा जनरल सर्जरी, प्लास्टिक सर्जरी डिपार्टमेंट से जुड़े डॉक्टर्स भी मौजूद रहेंगे। इसके अलावा जयपुरिया हॉस्पिटल और दूसरे अस्पताल में भी मकर संक्रांति पर डॉक्टर्स की विशेष ड्यूटी लगाई गई है। 4 घंटे पतंगबाजी पर रोक
प्रशासन ने जयपुर में मकर संक्रांति पर पतंगबाजी पर 4 घंटे रोक लगाई है। एडवाइजरी के मुताबिक इस दौरान पतंग नहीं उड़ाने की अपील की गई है। इसके साथ ही जयपुर पुलिस कमिश्नरेट को जयपुर में चाइनीज और सिंथेटिक मांझा बेचने वालों पर भी प्रभावी कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। चाइनीज मांझे से मेट्रो को खतरा
इसी तरह जयपुर मेट्रो रेल कॉरपोरेशन ने भी जयपुर मेट्रो लाइन के आसपास पतंगबाजी नहीं करने की अपील की है। मेट्रो प्रशासन के मुताबिक ट्रैक के ऊपर से गुजर रही 25 हजार वॉल्ट की लाइन से अगर कोई चाइनीज मांझा संपर्क में आता है तो उस मांझे को पकड़ने वाले व्यक्ति की जान जा सकती है। इसके साथ ही मांझे से लाइन में बड़ा फॉल्ट भी हो जाता है। पतंग, मांझा बिजली की लाइन में फंसने से मेट्रो रेल का संचालन प्रभावित होता है।

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