बालोद| देशभर में जल-संरक्षण को जनआंदोलन का स्वरूप देते हुए वैश्विक ऊष्मीकरण के विरुद्ध अभियान चलाया। समाज के हर वर्ग की सहभागिता से इस जल-संरक्षण महाअभियान को जनसमर्थन प्राप्त हुआ। मात्र 15 दिनों की अल्प अवधि में 4,598 कच्चे बंधारों का निर्माण कर पानी रोको पानी संजोओ जीवन बचाओ के संकल्प को साकार किया गया। इसी क्रम में नलकसा सत्संग सेवाकेंद्र तहसील डौंडी को सम्मानित किया गया। नलकसा सत्संग सेवाकेंद्र ने 9 कच्चे बंधारों का निर्माण कर जलरक्षण के क्षेत्र में सराहनीय योगदान दिया, जिसके लिए श्रीमद् जगद्गुरु रामानंदाचार्य नरेंद्राचार्य की उपस्थिति में सम्मान प्रदान किया गया। इस महाअभियान में छत्तीसगढ़ राज्य में कुल 73 कच्चे बंधारों का निर्माण किया गया, जो धमतरी, रायपुर, बालोद, राजनांदगांव एवं दुर्ग जिलों में हुआ।


